माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। राष्ट्रीय स्तर पर हुई एनसीसी स्पेशल एंट्री स्कीम में कर्ण नगरी की कैडेट जाह्नवी मलिक ने पहला स्थान प्राप्त किया है। अब विशेष प्रशिक्षण के बाद यह बेटी भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बनेगी। 21 मई को चेन्नई में इस कैडेट की ट्रेनिंग शुरू होगी। उनकी इस उपलब्धि से कर्ण नगरी के सभी कैडेट्स में उत्साह है।
कैडेट जाह्नवी पंडित चिरंजीलाल शर्मा राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय की छात्रा भी है। वीरवार को उनके कॉलेज पहुंचने पर जोरदार स्वागत हुआ। नंबर-7 हरियाणा एनसीसी बटालियन के कमांडिंग अफसर कर्नल नरेश आर्य और कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. राजेश रानी ने कैडेट का उत्साह बढ़ाया।
कर्नल नरेश आर्य ने बताया कि जिन कैडेट्स के पास सी सर्टिफिकेट होता है, स्नातक के बाद उनमें से कुछ कैडेट्स को एसएसबी (सर्विस सेलेक्शन बोर्ड) के पास भेजा जाता है। जहां वेकेंसी के आधार पर एनसीसी स्पेशल एंट्री स्कीम का टेस्ट होता है। छात्रा इस टेस्ट में प्रथम रही है। इसलिए उसका चयन हो गया है। 21 मई को उनका प्रशिक्षण शुरू होगा। छात्रा का यह टेस्ट वायुसेना के लिए भी पास हुआ है, लेकिन उसने अभी थल सेना में ही अफसर बनने का विकल्प चुना है।
ए ग्रेड से पास की थी सी सर्टिफिकेट की परीक्षा
कॉलेज के एएनओ कैप्टन प्रवीण कौशिक ने बताया कि जाह्नवी महाविद्यालय की मेधावी छात्रा होने के साथ-साथ एनसीसी की सभी गतिविधियों में सक्रिय रही है। उसने सीएटीसी से लेकर आरडी तक सभी कैंप लगाए हैं। इसके साथ-साथ एनसीसी की सी सर्टिफिकेट परीक्षा में भी उसने ए ग्रेड प्राप्त किया।
आत्म निरीक्षण से करें गलतियों को दूर तो मिलेगी सफलता
कैडेट जाह्नवी मलिक ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने पिता संजीव मलिक और माता दीपा मलिक को दिया। उन्होंने कहा कि जीवन में सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाकर ही किसी भी क्षेत्र में सफलता पाई जा सकती है। समय-समय पर आत्म निरीक्षण करते रहने से हम अपनी त्रुटियों को दूर करके अपने लक्ष्य तक पहुंच सकते हैं।