सस्ते दाम में सोने के गहने दिलाने के नाम पर 85 लाख रुपये छीनकर भागने के मामले में सीआईए वन की टीम ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनसे एक कार और 15.90 लाख रुपये बरामद कर लिए हैं। इस मामले में मुख्य आरोपी फरार चल रहा है। आरोपी पहले तो अमीर लोगों से जान पहचान बनाते थे फिर उन्हें सस्ता सोना दिलाने की बात करते थे। जब वह व्यक्ति सोना लेने का तैयार हो जाता था तो उसे अपनी जगह पर बुलाकर उससे रुपये ले लेते थे फिर वहां पर नकली पुलिस का छापा मरवाकर सोना और रुपये लेकर फरार हो जाते थे।
सीआईए वन के इंचार्ज दीपेंद्र राणा ने बताया कि सिटी थाना में 11 नवंबर को गुरविंद्र सिंह खुराना निवासी सेक्टर-06 करनाल ने शिकायत दी थी कि उसकी पटेल मार्केट करनाल में कपडे़ बेचने की होलसेल रेट की दुकान है। एक दिन उसकी दुकान पर एक व्यक्ति आया और कपड़े के होलसेल रेट के बारे में बात करने लगा। उस व्यक्ति ने उस दुकान से कपडे़ तो नहीं खरीदे पर लगातार वह दुकान पर आने लगा और उसके साथ अपनी जान पहचान बना ली।
आरोपी ने अपना नाम दर्शन सिंह निवासी गांव मंडोखरा जिला कुरुक्षेत्र का सरपंच बताया। आरोपी ने बताया कि उसका एक रिश्तेदार है जो अपने लड़के को अमेरिका भेजना चाहता है। इसलिए वह सोना सस्ते दामों में बेच रहा है। वह उसकी बातों में आ गया और उसने आरोपी दर्शन का नंबर अपने साथी रविंद्र को दे दिया। आरोपी दर्शन ने रविंद्र को अंबाला साहा रोड पर बुलाया। साहा से पंचकूला जाने वाली सड़क पर पुल के नीचे अज्ञात आरोपी ने उसे सोने से भरा बैग दे दिया और उसके साथ गए रविंद्र ने 85 लाख रुपयों से भरा बैग उस अनजान आरोपी को दे दिया। जैसे ही वह बैग खोलकर सोने के गहने देखने लगा तो वहां पर एक गाड़ी में सवार होकर पांच व्यक्ति पुलिस की वर्दी में आए और उससे बैग छीन लिया। इसके बाद सभी आरोपी उसी गाड़ी में सवार होकर उसे जान से मारने की धमकी देते हुए सोने के गहनों व रुपयों से भरा बैग लेकर फरार हो गए।
उन्होंने बताया कि मामले की जांच के बाद टीम ने 15 नवंबर को आरोपी चतर सिंह उर्फ सोनू निवासी गंदापुर जिला यमुनानगर, 24 नवंबर को आरोपी मस्तान शाह निवासी उंचा सदान जिला यमुनानगर, 26 नवंबर को आरोपी हरबीर उर्फ छोटू जयसिंह का माजरा जिला यमुनानगर और 27 नवंबर को आरोपी रणधीर उर्फ धीरा निवासी जय सिंह का माजरा जिला यमुनानगर को अलग अलग जगहों से गिरफ्तार किया गया था। आरोपी रणधीर को शनिवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। एसपी गंगाराम पूनिया ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि अगर किसी भी व्यक्ति के साथ इस प्रकार की धोखाधड़ी हुई है तो वह व्यक्ति बिना झिझक पुलिस को अपनी शिकायत दे सकता है ताकि ऐसे मामलों की जांच करके ठगी करने वाले असल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।
बाक्स
जल्द ही अमीर बनना चाहते थे आरोपी
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी बिना कोई काम करे जल्दी अमीर बनने के चक्कर में ऐसी वारदातों को अंजाम देते थे। वारदातों को अंजाम देने के बाद आरोपी ठगे हुए रुपयों को अय्याशी में उड़ाते थे। आरोपियों के खिलाफ पहले भी ठगी के मामले करनाल व अंबाला में दर्ज है।