अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। काफी दिनों से ठंडा पड़ा स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट एक बार फिर से शुरू करने के प्रयास हुए हैं। गुरुवार को विकास सदन में शहर को ट्रैफिक जाम से मुक्त करने व पार्किंग व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए बैठक हुई। इसमें नगर निगम अधिकारियों, ट्रैफिक पुलिस, स्मार्ट सिटी की टीम, व्यापारी संगठनों से जुड़े पदाधिकारियों व रोड सेफ्टी आर्गेनाजेशन के सदस्यों ने हिस्सा लिया। बैठक में शहर को स्मार्ट बनाने के लिए आड़े आ रहे सबसे बड़ी समस्या ट्रैफिक व पार्किंग मैनेजमेंट पर चर्चा हुई। इस दौरान सभी शहरवासियों से सुझाव भी लिए गए। इनमें प्रमुख सुझाव ये आया कि सड़कों पर पार्किंग होने के कारण दिक्कत आती है, इसलिए अंडरग्राउंड पार्किंग की व्यवस्था हो सकती है। बैठक के दौरान अहम फैसला लिया गया कि शहर की पांच मार्केटों में ट्रैफिक को नो व्हीकल जोन बनाया जाएगा और यहां पर अंडरग्राउंड पार्किंग बनाई जाएंगी। इनमें पुरानी सब्जी मंडी, पुरानी अनाज मंडी, रामलीला ग्राउंड, ओल्ड तहसील मार्केट व बस स्टैंड की वर्कशाप शामिल हैं। इसको लेकर निगम की ओर से प्लान तैयार करके भेजा जाएगा और आगामी महीनों में इस पर काम शुरू हो जाएगा। इसके लिए निगम अधिकारियों ने व्यापारियों से सहयोग भी मांगा।
बैठक की शुरुआत में निगम आयुक्त राजीव मेहता ने बताया कि बैठक का मुख्य उद्देश्य शहर के ट्रैफिक है। आखिर किस प्रकार से हम शहर के ट्रैफिक को कैसे व्यवस्थित किया सकता है। आयुक्त ने बताया कि शहर में पांच जगहों को चिह्नित किया गया है। जहां पर ट्रैफिक मार्केट के अंदर दाखिल ना होकर चिन्हित की गई पार्किंग में लगाए जाएंगे। इस दौरान शहरवासियों से सुझाव लिए गए, ताकि शहर को जाम मुक्त किया जा सके। एक एक करके शहरवासियों ने शहर के ट्रैफिक से जाम प्वाइंट बताए और उनके समाधान भी बताए।
इन मार्केट में बनाई जानी है अंडरग्राउंड पार्किंग
पुरानी सब्जी मंडी : यह शहर का सबसे व्यस्ततम स्थान है और यहां पर एक हजार गाड़ियां खड़ी हो सकती हैं। फिलहाल प्लानिंग नहीं होने के कारण अव्यवस्थित है। यहां पर रेहड़ियां लगी रहती हैं।
2. पुरानी अनाज मंडी : यहां पर पक्के फड़ हैं और एक हजार से अधिक गाड़ियां खड़ी हो सकती हैं।
3. रामलीला ग्राउंड : यहां पर बहुत कम लोग पार्किंग करते हैं।
4. ओल्ड तहसील मार्केट : सड़कों पर खड़े रहते हैं वाहन, दिनभर रहती जाम की स्थिति।
5. बस स्टैंड की वर्कशाप : पुराने बस स्टैंड की वर्कशाप को निगम के नाम ट्रांसफर होने का इंतजार है। यहां पर वर्कशाप वाली दीवार को तोड़कर रामलीला ग्राउंड की पार्किंग से जोड़ा जाएगा।