अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। डीसी डॉ. आदित्य दहिया ने कहा कि किसान खेतों में पराली न जलाएं इसकी जानकारी के लिए गांव में ठीकरी पहरा लगाने के निर्देश दिए गए हैं और सभी तहसीलदारों को निर्देश दिए कि वे ठीकरी पहरा को अमल में लाने के लिए संबंधित गांव के चौकीदार, नंबरदार को नोटिस दें।
यदि किसी खेत में पराली के अवशेष जलाए जाते हैं तो उसकी एफआईआर दर्ज करें। डीसी ने बरास व सिंगड़ा गांव के खेतों में पराली के अवशेष जलाने की जानकारी न देने पर इन गांव के पटवारी को चार्जशीट करने के लिए संबंधित तहसीलदार को निर्देश दिए। डीसी मंगलवार को लघु सचिवालय के सभागार में जिला स्तरीय विभागीय कोआर्डिनेशन बैठक को संबोधित कर रहे थे। डीसी ने खेतों में पराली जलाने पर सरकार द्वारा सख्त निर्देश दिए हैं इसके बावजूद भी अधिकारी लापरवाही करते हैं, संबंधित कर्मचारियों व अधिकारियों को यह भी नहीं पता कि किस खेत में अवशेष जल रहे हैं। सैटेलाइट के माध्यम से अधिकारियों को जानकारी दी जा रही है, इसके बावजूद भी चालान नहीं हो रहे हैं। डीसी ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि यदि अधिकारी सजग नहीं होंगे तो तहसीलदार व बीडीपीओ पर भी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि जिले में 160 धान काटने की मशीनों का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जिन पर एसएमएस लगा हुआ है, जिस खेत में बिना एसएमएस के मशीन धान की कटाई करती है उसका भी चालान किया जाएगा। समीक्षा बैठक में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आरओ ने बताया कि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए बस अड्डा, रेलवे स्टेशन पर सफाई की व्यवस्था का ध्यान रखें, सड़कों पर धूल न उड़े, सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाए, कोयले की भी न जलाई जाए ताकि पर्यावरण को शुद्ध रखा जा सके।
गड्ढों को भरने के दिए आदेश
डीसी ने कहा कि हरपथ के तहत सड़कों पर होने वाले गड्ढों का भराव तुरंत करना है, यदि कहीं पर गड्ढा है, उसकी तुरंत फोटो खींचकर भेजें और सड़क बनाने के लिए जो टेंडर हो चुके हैं, उन पर तुरंत कार्य शुरू करें। समीक्षा बैठक में माईनिंग ऑफिसर ने बताया कि इस माह में 30 केस माईनिंग के पकड़े गए, जिससे 8 लाख 57 हजार रुपये जुर्माने के रूप में वसूल किए। उन्होंने कहा कि इस वर्ष अवैध माईनिंग में करीब 16 करोड़ रुपये जुर्माने के रूप में वसूल किए गए हैं।
मंडियों में बाहरी धान की नहीं होनी चाहिए खरीद : डीसी
डीसी ने बैठक में मार्केट कमेटी के प्रतिनिधि से कहा कि मंडी में बाहर के प्रदेशों का धान नहीं आना चाहिए, यदि बाहर का धान मंडी में दिखाई दिया तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। डीएफएससी के अनुरोध पर पुलिस द्वारा मेरठ रोड पर नाका भी लगाया गया है, ताकि यूपी से आने वाले धान को मंडी में आने से रोका जाए।
बिना एनओसी के नहीं होगी रजिस्ट्री
डीसी ने तहसीलदारों से कहा कि बिना एनओसी के किसी प्रकार की रजिस्ट्री नहीं होनी चाहिए, सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि डेवलेपमेंट के चार्ज के बिना किसी भी प्रकार की रजिस्ट्री नहीं हो सकेगी। यदि कोई ऐसी रजिस्ट्री पाई गई तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।