अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। यदि स्किल्ड एवं अनस्किल्ड कर्मचारियों की कार्य अवधि बढ़ाने की सैंक्शन जल्द से जल्द नहीं आई तो बिजली कर्मचारी सरकार के खिलाफ धरना-प्रदर्शन इसी प्रकार जारी रखेंगे। यह चेतावनी आज डीसी कार्यालय के समक्ष रोजगार की मांग को लेकर धरने पर बैठे बिजली कर्मचारियों को संबोधित करते हुए राजकुमार कैथल ने दी।
हरियाणा बिजली वितरण निगम में कार्यरत स्किल्ड एवं अनस्किल्ड कर्मचारी आठवें दिन भी धरने पर डटे रहे और प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। धरने की अध्यक्षता करते हुए राजकुमार ने कहा कि उन्हें धरने पर बैठे आठ दिन बीत चुके हैं, लेकिन अभी तक सरकार ने उनकी कोई सुध नहीं ली है, जिससे कर्मचारियों में रोष व्याप्त है। उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो वे अपना आंदोलन ओर तेज करेंगे। उन्होंने बताया कि स्किल्ड एवं अनस्किल्ड कर्मचारी बिजली विभाग में पिछले तीन-चार वर्षों से पूरी मेहनत से काम कर रहे हैं, लेकिन बीती 30 सितंबर को उन्हें बिना किसी नोटिस के काम पर से हटा दिया गया, जिससे सभी कर्मचारी बेरोजगार हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि पिछले दो महीने से वे दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर हैं। इस बाबत वे मुख्यमंत्री के नाम करनाल डीसी को ज्ञापन भी सौंप चुके हैं और करनाल के ओएसडी और एससी इत्यादि अधिकारियों से भी मिल चुके हैं, लेकिन उन्हें केवल झूठे आश्वासन ही दिए गए। उन्होंने कहा कि हर तरफ से हताश होने के बाद हमें मजबूर होकर करनाल डीसी कार्यालय के सामने धरने पर बैठने का निर्णय लेना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके साथ बहुत नाइंसाफी और मजाक हुआ है, जिसे वे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहरलाल से अपील की कि उनकी सैंक्शन 30 सितंबर से एक दिन के ब्रेक के बाद लगातार दी जाए ताकि हम सभी फिर से अपने-अपने कार्य पर जा सकें। आज के धरने में करनाल से अरविंद, कैथल प्रधान रमन, करनाल उपप्रधान कृष्ण, लाडवा-कुरुक्षेत्र से शुभम, करनाल से विनीत, घरौंडा से मुलतान एवं दिनेश, कैथल से बलिंद्र तथा कैथल उपप्रधान सत्यवान सहित अन्य बिजली कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।