संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। रविवार व सोमवार की बारिश से शहर की सड़कों और गलियों में जलभराव हो गया। रेलवे रोड, कपिल मुन रोड, नगर पालिका कार्यालय के सामने मुख्य मार्ग, श्री कपिल मुनि राजकीय महिला कॉलेज–बस अड्डा के बीच डॉ. भीमराव अंबेडकर मार्ग, उपमंडल नागरिक अस्पताल और अन्य सड़कों पर पानी हिलोरे मारता रहा। बसंती माता मंदिर की गली तालाब में तब्दील हो गई।
भारी जलभराव से घरों व दुकानों में पानी घुस गया, जिससे लोगों को फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य सामान खराब होने से भारी नुकसान झेलना पड़ा। व्यापारियों का कहना है कि बारिश के चलते उनका कारोबार चौपट हो गया। मकानों के ढहने की घटनाएं भी सामने आईं। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि डीसी के पूर्व निर्देशों के बावजूद नगर पालिका अधिकारी हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे और बाढ़ प्रबंधन के सारे दावे खोखले साबित हुए। पार्षद प्रदीप राणा और प्रीत जगदेव ने कहा कि प्रशासन और नागरिकों के बीच संवाद पूरी तरह नदारद रहा। मुख्य बाजारों और अस्पताल की गली में कई फीट तक पानी भर गया, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त और आर्थिक नुकसान बेहिसाब हुआ।
पार्षद महीपाल पंवार ने बताया कि नगर पालिका कार्यालय में समस्या निवारण के लिए पहुंचने पर सचिव कक्ष में सिर्फ पंखे और लाइटें चल रही थीं, जबकि अधिकारी नदारद थे। इससे आक्रोशित नागरिकों ने आरोप लगाया कि पालिका महज कागजी तैयारी करती है। उन्होंने मांग की कि ऐसे लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ सरकार कड़ी कार्रवाई करे।
इस संबंध में नगर पालिका सचिव पवन कुमार का कहना है कि सुबह वे उपमंडल मुख्यालय पर आयोजित समाधान शिविर में व्यस्त थे। उन्होंने बताया कि टीम को गतिशील किया गया है और शहर की पानी निकासी व सफाई को लेकर पालिका गंभीर है।
40: कलायत की हर गली व अनाज मंडी पानी से हुई लबालब
40: कलायत की हर गली व अनाज मंडी पानी से हुई लबालब
40: कलायत की हर गली व अनाज मंडी पानी से हुई लबालब