पशुओं को लगाए जाने वाले टीके में नशे की गोलियां मिलाकर नशीले टीके तैयार करने के आरोपी को पुलिस ने काबू किया है। उसके पास से 24 नशीली गोलियों के अलावा तैयार किए गए नशीले टीकों के लिए 2 बोतल में तरल पदार्थ बरामद किया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सीआईए-2 प्रभारी की अगुवाई में पुलिस की टीम को गुप्त सूचना मिली कि अतुल निवासी भगत सिंह कॉलोनी कैथल प्रतिबंधित नशे की गोलियों को किसी पशुओं की लिक्विड दवाई में घोल कर प्लास्टिक की छोटी बोतलों में नशीले इंजेक्शन तैयार करता है और उन्हें 300 रुपये प्रति प्लास्टिक बोतल इंजेक्शन के हिसाब से नशा करने के आदि युवकों को बेचता है। उसे ग्योंग की तरफ से नशीले इंजेक्शन और दवाइयां बेचने के लिए आने पर काबू किया जा सकता है। इसके बाद पुलिस ने ग्योंग की ओर से आते हुए 22 वर्षीय संदिग्ध अतुल को काबू कर लिया। एक्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट/नायब तहसीलदार कैथल ईश्वर सिंह की मौजूदगी में उसकी तलाशी ली गई तो एक पॉलिथीन में 3 पत्तों से 24 बुपरेनोरफाइन नामक प्रतिबंधित नशीली गोलियां, तैयारशुदा नशीले टीकों की 25-25 एमएल की 2 बोतल तथा एक बोतल 100 एमएल एनवील इंजेक्शन बरामद किया गया। बरामद की गई गोलियों को ड्रग कंट्रोलर ऑफिसर द्वारा प्रतिबंधित बताया गया। थाना सिविल लाइन में मामला दर्ज करके मौके पर पहुंचे सिविल लाइन पुलिस के एएसआई सतपाल सिंह द्वारा आरोपी को एनडीपीएस एक्ट तहत गिरफ्तार कर लिया गया। एसपी ने बताया कि पुलिस द्वारा की गई पूछताछ दौरान आरोपी अतुल ने खुलासा किया कि वह पुशओं को लगने वाले एनवील इंजेक्शन की बोतल में से 25-25 एमएल वाली छोटी बोतलों में भरकर उनमे 1-1 बुपरेनोरफाइन नामक गोली मिलाकर नशीला इंजेक्शन तैयार करके नशेड़ी व्यक्तियों को 300 रुपये प्रति बोतल के हिसाब से बेचता है। उससे पूछताछ जारी है।