संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में दयानंद उपनगर की ओर से आरकेएसडी महाविद्यालय के प्रांगण में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया किया। स्वयंसेवकों ने बैंड-बाजे के साथ पथ संचलन निकाला। इस दौरान उन्होंने शारीरिक दक्षता का प्रदर्शन के साथ शस्त्र पूजन कार्यक्रम में भी हिस्सा लिया।
कार्यक्रम में स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में हिस्सा लिया। सर्वप्रथम शस्त्र पूजन किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में प्रधानाचार्य सरदार हरपाल सिंह ने कहा कि संघ का उद्देश्य समाज को एकजुट करना और राष्ट्र निर्माण में योगदान देना है और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का शताब्दी वर्ष एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, संघ देश का शाश्वत विचार है और लाखों स्वयंसेवक इसे पूर्ण करने में लगे हैं।
संघ देश के लिए जीने वाले राष्ट्रीय चरित्रवान नागरिक तैयार कर रहा है। आज संघ समाज के हर वर्ग के लिए सेवा कार्य कर रहा है। संघ ने समय समय पर आजादी के आंदोलनों, प्राकृतिक आपदा, कोई दुर्घटना, लोकमत परिष्कार व समाजहित में अनेक आन्दोलनों में
अपना योगदान दिया है। अब शताब्दी वर्ष के दौरान संघ समाज में पंच परिवर्तन जोकि सामाजिक समरसता, कुटुम्ब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी और नागरिक कर्तव्य जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा करेगा।
उसके बाद स्वयंसेवकों की ओर से पूर्ण गणवेश में पथ संचलन किया गया। यह आरकेएसडी महाविद्यालय से चलकर अंबाला रोड से मॉडल टाउन ढांड रोड से होते हुए गुजरा। कार्यक्रम में स्वयंसेवकों ने संघ, समाज व राष्ट्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
इस कार्यक्रम में श्याम बंसल,
प्रीतम सिंह, डॉ़ राजेंद्र ठकराल और समाज के विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधि, प्रबुद्धजन और स्वयंसेवकों के परिवारजन भी उपस्थित रहे।