संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिलेभर में शनिवार अल सुबह हुई बारिश ने किसानों के चेहरे पर मायूसी ला दी है। बारिश व तेज हवाओं ने किसानों की खेतों में खड़ी गेहूं व सरसों की फसल को बिछा दिया है। इससे किसानों को काफी नुकसान होने की आशंका है। जिले में दो दिन में औसतन करीब सात एमएम बारिश हुई है। इसमें सबसे अधिक पूंडरी क्षेत्र में 15 एमएम बारिश दर्ज की गई है। शनिवार को अधिकतम तापमान 28.1 डिग्री व न्यूनतम तापमान 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा।
आम तौर पर अप्रैल के शुरुआती दिनों में गेहूं पक कर तैयार हो जाती है। हाथ वाली कटाई शुरू हो जाती है, लेकिन अब बारिश के बाद फसल गिरने से सूखने का ज्यादा खतरा रहेगा। करीब 10 दिन पहले भी ओलावृष्टि ने गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा था। बेल वाली सब्जियों के लिए भी यह बारिश नुकसानदायक साबित होगी।
बारिश होने के कारण सुबह के समय गलियों में कई जगह निकासी न होने से जलभराव हो गया था। इस कारण दोपहिया वाहन चालकों को भी आने जाने में काफी परेशानी हुई। सुबह बारिश के बाद दिनभर सूर्य देव व बादलों के बीच आंख मिचौली का खेल जारी रहा। कृषि विज्ञान केंद्र के मुख्य समन्वयक रमेश चंद्र ने बताया कि अब आगामी दिनों में तापमान में बढ़ोतरी होगी। शनिवार को हुई बारिश से गेहूं की फसल को नुकसान है। बताया कि किसान मौसम के अनुसार फसलों की जरूर देखभाल करें।
जगह बारिश की मात्रा
कैथल दो एमएम
गुहला तीन एमएम
कलायत तीन एमएम
राजौंद पांच एमएम
ढांड आठ एमएम
सीवन 12 एमएम
सीवन क्षेत्र में सब्जियों की फसल को नुकसान
सीवन। मौसम ने शुक्रवार की रात करीब आठ बजे करवट ली और बारिश शुरू हो गई। यह बारिश रुक-रुक कर सुबह तक चलती रही। इससे सब्जियों की फसल को नुकसान पहुंचा है। बारिश से कई गलियों में कीचड़ जमा हो गया, जिससे आमजन को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
किसानों के अनुसार, बारिश का गेहूं की फसल पर कम असर पड़ा है, जबकि सब्जियों को अधिक क्षति हुई है। किसान राम रतन सैनी, राजेश रहेजा, जरनैल सिंह,नरेंद्र सैनी, सुरेंद्र सरदाना, मोजी मेहता, प्रशांत आनंद आदि ने बताया कि बारिश से खीरा, खरबूजा और अन्य सब्जियों को भारी नुकसान पहुंचा है।
बारिश से कई खेतों में जलभराव हो गया, जिससे फसल खराब होने की आशंका बढ़ गई है। उधर, शनिवार को कुछ समय के लिए धूप निकली, लेकिन आसमान में बादल छाए रहे। उधर, किसानों ने प्रशासन से फसल खराब होने पर मुआवजा देने की मांग की है। संवाद