संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। हरियाणा सचिवालय, चंडीगढ़ में बुधवार को स्कूल शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में कैथल जिले की अभिनव शैक्षणिक पहल ‘स्टंबल लैब’ को बेस्ट प्रैक्टिस मॉडल के रूप में प्रस्तुत किया गया, जिसकी सभी अधिकारियों ने सराहना की।
शिक्षा मंत्री एवं शिक्षा विभाग ने इस नवाचार आधारित मॉडल को प्रदेश के अन्य जिलों में भी अपनाने और लागू करने के लिए प्रोत्साहित किया, ताकि विद्यार्थियों के सीखने के स्तर में सुधार लाया जा सके। इसके साथ ही इस प्रोजेक्ट को पूरे प्रदेश में विस्तार देने की दिशा में कार्य भी शुरू कर दिया गया है।
गौरतलब है कि स्टंबल लैब पहल की संकल्पना डीसी अपराजिता ने की थी। इसका शुभारंभ हाल ही में शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, पूंडरी में किया था। उस अवसर पर उन्होंने इस प्रोजेक्ट को प्रदेश के सभी जिलों में लागू करने की घोषणा भी की थी।
बैठक में माध्यमिक शिक्षा विभाग के निदेशक जितेंद्र दहिया, कैथल डीसी अपराजिता, स्टेट प्रोजेक्ट निदेशक हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना वर्षा खंगवाल, संयुक्त निदेशक हरप्रीत कौर, डा. मयंक वर्मा, सीएमजीजीए दिव्यता तथा जिला शिक्षा अधिकारी सुभाष कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
प्रैक्टिकल आधारित शिक्षा पर केंद्रित है पहल : डीसी
प्रदेश स्तरीय बैठक में प्रोजेक्ट के बारे में डीसी अपराजिता ने बताया कि यह पहल पारंपरिक रटने वाली शिक्षा प्रणाली से आगे बढ़कर प्रैक्टिकल आधारित शिक्षा पर केंद्रित है। इसके तहत विद्यार्थियों को सरल भौतिक विज्ञान प्रयोग, अनुमान आधारित गतिविधियों तथा मानसिक क्षमता और रचनात्मक सोच को बढ़ाने वाली गतिविधियों में शामिल किया जाता है।