फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डेंगू के डंक का डर, तीन मरीज मिले

विज्ञापन
विज्ञापन
कैथल। जिले में डेंगू के डंक का डर बढ़ रहा है। प्रकोप का असर है कि संक्रमितों की संख्या 16 तक पहुंच गई है। बुधवार को तीन नए मरीज मिले हैं। दूसरी ओर, स्वास्थ्य विभाग के दावों के बीच बदल रहे मौसम से वायरल बुखार से ग्रस्त मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। मच्छरों से परेशानी बढ़ी है लेकिन अधिकतर जगहों पर अभी तक फॉगिंग का कार्य शुरू नहीं कराया गया है।
विज्ञापन

आंकड़ों के मुताबिक, पिछले तीन महीने में स्वास्थ्य विभाग अब तक करीब 700 सैंपल डेंगू के ले चुका है। बुधवार को भी डेंगू के तीन नए मामले सामने आए हैं। हालांकि विभाग की तरफ से सामान्य अस्पताल में बनाए गए पोर्टबल अस्पताल में डेंगू का वार्ड बनाया गया है। यहां डेंगू मरीजों को दाखिल किया जा रहा है। 16 संक्रमित मरीजों में तीन ठीक होकर घर लौट चुके हैं। वहीं, ग्रामीण क्षेत्र में स्थित प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं है। यहां पर बेड न के बराबर ही हैं। कहीं डॉक्टर तो कहीं बेड की संख्या न के बराबर है। इस कारण मरीज परेशान होते हैं। डेंगू के अलावा वायरल बुखार से पीड़ित मरीजों की ओपीडी भी लगातार बढ़ रही है। विभाग के मिली जानकारी अनुसार जहां बुखार के मरीजों की ओपीडी 70 से 100 के बीच रहती थी। अब यह संख्या बढ़कर 150 से 200 पर पहुंच चुकी है।
सिविल सर्जन डॉ. रेनू चावला ने बताया कि डेंगू व मलेरिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। सभी अस्पतालों में इलाज को लेकर उचित प्रबंध किए गए हैं। प्राइवेट अस्पतालों और लैबों में भी डेंगू के लिए केवल एलीजा टेस्ट ही मान्य किया गया है। इसका दाम 600 रुपये निर्धारित किया गया है।
विज्ञापन

पूंडरी में डेंगू का कोई मामला नहीं मिला
पूंडरी। क्षेत्र में अभी तक डेंगू का कोई मामला सामने नहीं आया है। हालांकि अस्पताल के स्तर पर व्यापक प्रबंध किए गए हैं। यहां पर सामान्य वार्ड को डेंगू का वार्ड बनाया गया है। पूंडरी के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के कार्यकारी चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर महेश ने बताया कि पूंडरी में डेंगू का कोई केस नहीं आया है। बचाव की तैयारी के तहत छह बेड लगाए गए हैं। हालांकि वायरल बुखार के मरीजों की ओपीडी यहां पर 10 की अपेक्षा 20 से 25 रहती है।
कोई मरीज नहीं
सीवन। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डेंगू का कोई मरीज नहीं है। डेंगू के मरीजों के लिए विशेष वार्ड सरकारी अस्पताल कैथल में बनाया गया है। सीवन में कोई भी विशेष वार्ड नहीं बनाया गया है। सीवन के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डेंगू के टेस्ट भी नहीं हो रहे हैं। यहां पर सामान्य ओपीडी के भी महज छह बेड ही हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सीवन के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. हरकीरत सिंह ने बताया कि मौसम बदलाव के कारण जो कमजोरी या पेट संबंधी बीमारी के मरीज आ रहे हैं। ओपीडी सामान्य चल रही है इसमें किसी प्रकार की कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है।
कलायत में वायरल बुखार के आए 219 केस
कलायत। बदल रहे मौसम के बीच डेंगू, मलेरिया अपने पांव पसार रहा हैं। कलायत उपमंडल में स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों से इस समय तक एक भी डेंगू या मलेरिया का केस सामने नहीं आया। चिकित्सा अधिकारी डॉ. आशीष गोयल ने बताया कि इस माह में अभी तक 3418 ओपीडी रही। बुखार के कुल 273 केस सामने आए जांच के बाद उनमें से 54 केस टाइफाईड व 219 केस वायरल बुखार के मिले। कलायत अस्पताल व फील्ड को मिला कर कुल 812 स्लाइड बनी जिनमें से सभी केस निगेटिव पाए। उन्होंने बताया कि डेंगू का टैस्ट कलायत अस्पताल लैब में नहीं होता उसके लिए कुल 76 स्लाइड डेंगू सिरोलोजी के लिए कैथल भिजवाई गई। उन सब स्लाइड्स की जांच के बाद सभी की रिपोर्ट नेगेटिव पाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें