करनाल रोड पर आसमान में छाए बादल और साथ में खिली धूप। संवाद
कैथल। जिले में मौसम के बदलते मिजाज ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। शुक्रवार को दिन में आसमान में काले बादल छाए रहे लेकिन बारिश नहीं हुई। हालांकि हल्की धूप भी बनी रही। बारिश न होने और हवा की गति धीमी रहने के कारण बादलों के साथ-साथ भारी उमस ने लोगों को सताया। जिले में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
सुबह से ही आसमान में बादलों की आवाजाही शुरू हो गई थी जिससे तापमान में हल्की गिरावट तो महसूस हुई लेकिन उमस के स्तर में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। दोपहर के समय उमस का असर सबसे ज्यादा देखा गया। मौसम के इस बदले रूप को देखकर सबसे ज्यादा चिंता किसानों की बढ़ने लगी है। इस समय खेतों में धान की अगेती और मध्यम अवधि वाली फसलें पूरी तरह पककर तैयार खड़ी हैं। मंडियों में भी फसल की आवक शुरू हो चुकी है।
किसान होशियार गिल और मालक सिंह का कहना है कि यदि इस मोड़ पर बारिश हुई तो पकी हुई फसल को भारी नुकसान होगा।कृषि विशेषज्ञ डाॅ. हरमीत का कहना है कि तेज हवाओं के साथ बारिश होने पर धान के पौधे खेतों में बिछ सकते हैं जिससे दाना काला पड़ सकता है और उसकी गुणवत्ता खराब हो सकती है। इसके अलावा कटी हुई फसल यदि मंडियों या खेतों में भीग जाती है, तो उसमें नमी की मात्रा बढ़ जाएगी जिससे किसानों को सरकारी खरीद के तय मानकों पर अपनी फसल बेचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।
करनाल रोड पर आसमान में छाए बादल और साथ में खिली धूप। संवाद