संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। वार्ड नंबर-8 और बस स्टैंड के समीप पिछले कुछ समय से बाहरी राज्यों के लोगों की बढ़ती आवाजाही को लेकर स्थानीय नागरिकों में चिंता बढ़ गई है। एडवोकेट सतीश धीमान, भंवर सिंह राणा और मनोज शर्मा आदि ने पुलिस प्रशासन को इस संबंध में अवगत कराते हुए सुरक्षा के मुद्दे पर आशंका जताई है। पुलिस ने मामले में पुलिस ने जांच का आश्वासन दिया है।
नगरवासियों का कहना है कि कश्यप बस्ती और आसपास के खाली पड़े स्थानों पर बड़ी संख्या में ऐसे लोग रह रहे हैं, जिनकी भाषा और रहन-सहन की शैली हरियाणा की स्थानीय संस्कृति से भिन्न प्रतीत होती है। आरोप लगाते हुए कहा है कि इनमें से कुछ लोग पैंट-शर्ट के ऊपर भगवा चोला धारण कर साधु के वेश में गलियों में घूमते हुए भीख मांगते भी देखे गए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, जब पिछले दिनों इन लोगों से पहचान पत्र दिखाने के लिए कहा गया तो वे कोई संतोषजनक जवाब देने के बजाय मौके से रफुचक्कर हो गए। इससे नागरिकों की शंका और गहराती जा रही है। क्षेत्रवासियों ने अंदेशा जताया है कि अन्य राज्यों में सख्ती बढ़ने के चलते पलायन कर रहे ये लोग फर्जी दस्तावेजों के सहारे यहां शरण ले सकते हैं, जिससे नगर की सुरक्षा व्यवस्था को खतरा उत्पन्न हो सकता है। इस संबंध में थाना प्रभारी बलबीर सिंह ने बताया कि पुलिस प्रशासन क्षेत्र की सुरक्षा पर गंभीर है। गश्त भी की जाती है।
नगर और आसपास के इलाकों में जल्द ही विशेष जांच अभियान चलाया जाएगा। संदिग्ध व्यक्तियों के पहचान पत्रों और उनके पुराने रिकॉर्ड का बारीकी से सत्यापन किया जाएगा, ताकि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधियों पर समय रहते अंकुश लगाया जा सके और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। -बलबीर सिंह, थाना प्रभारी कलायत