जींद। नगर परिषद जींद की शुक्रवार को आयोजित साधारण हाउस बैठक में शहर के विकास से जुड़े 24 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी गई। प्रस्तावों के पारित होने के बाद शहर में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने और लंबित विकास कार्यों को गति देने का रास्ता साफ हो गया है। अब आगामी चरण में इन योजनाओं के लिए बजट का प्रावधान कर कार्यों को धरातल पर उतारा जाएगा।
नगर परिषद चेयरपर्सन डॉ. अनुराधा सैनी की अध्यक्षता में हुई बैठक में हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर एवं जींद विधायक डॉ. कृष्ण मिड्डा विशेष रूप से मौजूद रहे। नगर परिषद ईओ सुशील भुक्कल ने सदन के सामने सभी एजेंडे रखे जिन पर पार्षदों ने चर्चा के बाद अपनी सहमति दी।
बैठक में वार्ड-17 स्थित सामुदायिक केंद्र का नाम पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। शहर की नई विकसित कॉलोनियों को नियमित करने, खाली पैचों को स्वीकृति देने, नगर परिषद कार्यालय के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली खरीदने और स्ट्रीट लाइट व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक उपकरण खरीदने के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
इसके अलावा रानी तालाब के सुंदरीकरण, अटल पार्क स्थित हॉल को पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग को सौंपने, रेलवे भूमि पर पार्क विकसित करने, पुराने बस अड्डे पर महाराणा प्रताप चौक बनाने और गोस्वामी तुलसीदास मार्ग व चौक के नामकरण करने सहित अनेक विकास प्रस्तावों को मंजूरी मिली।
शहर में आवारा कुत्तों के टीकाकरण, बंदरों को पकड़ने और बेसहारा पशुओं को गोशालाओं तक पहुंचाने के लिए नए सिरे से टेंडर जारी करने के प्रस्ताव भी पारित किए गए। इन योजनाओं के लागू होने से शहरवासियों को लंबे समय से चली आ रही समस्याओं से राहत मिलने की उम्मीद है।
पार्षदों ने बंदर पकड़ने के ठेके पर उठे सवाल
बैठक में कई पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों की समस्याओं और लंबित विकास कार्यों को लेकर मुद्दे उठाए। वार्ड-8 के पार्षद गुलशन परूथी और वार्ड-31 के पार्षद संजय गोयल ने पूर्व में बंदर पकड़ने के ठेके की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। कहा कि यदि पहले निर्धारित संख्या में बंदर पकड़े गए होते तो दोबारा टेंडर जारी करने की आवश्यकता नहीं पड़ती। इस पर डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण मिड्डा ने संबंधित एजेंसी को अब तक ब्लैकलिस्ट नहीं किए जाने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों को गलत कार्यों का समर्थन नहीं करना चाहिए और हर स्तर पर पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
पार्षदों ने मांगा वार्ड स्तर पर अलग बजट
बैठक में वार्डों के छोटे विकास कार्यों के लिए अलग बजट तय करने की मांग भी उठी। वार्ड-21 के पार्षद सतपाल कुंडू ने कहा कि प्रत्येक पार्षद को अपने क्षेत्र के छोटे कार्यों के लिए अलग निधि मिलनी चाहिए। वहीं वार्ड-27 की पार्षद निकिता शर्मा ने स्वीकृत होने के बावजूद लंबित गलियों के निर्माण का मुद्दा उठाया। वार्ड-22 की पार्षद संतोष ने भी वार्ड स्तर पर बजट उपलब्ध कराने की मांग रखी।
25 लाख रुपये से होंगे मरम्मत कार्य
चेयरपर्सन डॉ. अनुराधा सैनी ने कहा कि सभी पार्षद अपने-अपने वार्डों की समस्याएं लिखित रूप में दें ताकि प्राथमिकता के आधार पर उनका समाधान कराया जा सके। डीएमसी अनिल दून ने बताया कि मरम्मत कार्यों के लिए 25 लाख रुपये का बजट निर्धारित किया गया है और जरूरी कार्य जल्द शुरू कराए जाएंगे।
सभी 31 वार्डों में समान विकास कार्य होंगे -मिड्डा
बैठक के समापन पर डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण मिड्डा ने कहा कि नगर परिषद चुनाव से पहले यह वर्तमान हाउस की अंतिम बैठक है। ऐसे में सभी पार्षदों को अपने-अपने वार्डों के विकास कार्यों को प्राथमिकता देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी 31 वार्डों में समान विकास सुनिश्चित किया जाएगा। यदि नगर परिषद का बजट कम पड़ता है तो राज्य सरकार से अतिरिक्त धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी।