जींद। शहर के बीचोंबीच गुजर रही हांसी ब्रांच नहर पर छठ पूजा के लिए दो घाट बनाए जा रहे हैं। इनमें से एक घाट का कार्य लगभग पूरा हो गया है, जबकि दूसरे को बनाने में अभी समय लगेगा। इससे पूर्वांचल के लोगों को छठ पूजा के लिए सूर्य के अर्घ्य देने व स्नान करने में काफी आसानी होगी। इस बार छठ पूजा महोत्सव छह नवंबर से शुरू हो रहा है। नहर में पानी आने के कारण कार्य रोक दिया जाता है। इसी कारण इस कार्य में काफी समय लग रहा है।
छठ पूजा के लिए हांसी ब्रांच नहर पर दो घाट बनाए जा रहे हैं। इन पर चार करोड़ 77 लाख रुपये खर्च होंगे। शहर के बीच से गुजर रही हांसी ब्रांच नहर पर ही यह भव्य घाट बनाने का कार्य लगभग चार महीने पहले शुरू किया गया था। विधायक डाॅ. कृष्ण मिड्ढा ने मुख्यमंत्री से इसके लिए राशि मंजूर करवाई थी। घाट बनने के बाद यहां पर श्रद्धालु मूर्ति विसर्जन, सूर्य को अर्घ्य, पूजा व अन्य धार्मिक आयोजन विधि-विधान से कर सकेंगे। शहर समेत जिले में हजारों की संख्या में प्रवासी मजदूर रह रहे हैं और छठ पूजा का पर्व बड़े ही उल्लास के साथ मनाते हैं। इसी प्रकार गणेश महोत्सव का आयोजन भी कई संस्थाएं करती हैं, लेकिन गणेश विसर्जन के लिए उन्हें काफी परेशानी होती थी। शहर में नहर के पुलों के पास ग्रिल लगाई हुई है। ऐसे में कोई घाट नहीं होने के कारण उन्हें जैसे-तैसे कर नहर में गणेश विसर्जन करना पड़ता है। अब घाट बनने के बाद प्रवासी लोगों को छठ पूजा के लिए तथा गणेश विसर्जन के लिए संस्थाओं को काफी आसानी होगी।
इस बार छठ पूजा के लिए श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी। एक तरफ घाट लगभग तैयार हो चुका है। बाकी काम भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा। सिंचाई विभाग के अधिकारियों को जल्द कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। -डॉ. कृष्ण मिड्ढा, डिप्टी स्पीकर, विधानसभा, हरियाणा।