रोहतक। स्वास्थ्य विभाग की पीएनडीटी टीम ने शनिवार को लाखन माजरा स्थित संजीवनी अस्पताल में छापा डाला। यहां गर्भपात कराने की दो किट बरामद हुईं। अस्पताल निदेशक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। किट रखने के लिए अस्पताल पंजीकृत नहीं है।
पीएनडीटी नोडल अधिकारी डॉ. विश्वजीत राठी ने बताया कि 8 मई को सूचना मिली थी कि लाखन माजरा के संजीवनी अस्पताल में गर्भपात करने वाली एमटीपी किट अवैध रूप से दी जा रही है। पीएनडीटी टीम ने शनिवार दोपहर 1 बजे अस्पताल में छापा डाला। यहां से एमटीपी की दो किट बरामद हुईं। मौके से अस्पताल निदेशक नरेश को गिरफ्तार किया गया।
जुलाना के केमिस्ट से खरीदी थी किट, पकड़ा गया
पूछताछ में उसने बताया कि अपने परिचित को देने के लिए जुलाना स्थित संदीप मेडिकोज केमिस्ट के संदीप से एमटीपी किट खरीदी थी। एमटीपी किट लाने के लिए अस्पताल में टीपीए स्टॉक सदस्य अंकित को किट लाने के लिए जुलाना भेजा था। पेटीएम से ऑनलाइन 1100 रुपये का भुगतान किया। टीम ने देर शाम संदीप को भी गिरफ्तार कर लिया है।
जांच टीम ने नरेश, अंकित, डॉ. प्रदीप कुमार और मनीष के लिखित बयान दर्ज कर सीसीटीवी डीवीआर व एमटीपी किट जब्त की। एमटीपी किट की बिक्री केवल एमटीपी अधिनियम के तहत पंजीकृत केमिस्ट ही रख सकते हैं। किट रखने के लिए अस्पताल पंजीकृत नहीं है। इस दौरान डॉ. विश्वजीत राठी रणजीत सिंह, मंदीप मान मौजूद रहे।
स्वास्थ्य विभाग लिंगानुपात सुधारने का प्रयास कर रहा है। इसके तहत लिंग जांच व अवैध एमटीपी किट बेचने वालों पर कार्रवाई की जा रही है। इसके तहत लाखन माजरा स्थित संजीवनी अस्पताल में कार्रवाई की गई। यहां से दो एमटीपी किट बरामद हुई हैं। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
- डॉ. विश्वजीत राठी, पीएनडीटी नोडल अधिकारी।