जींद। रामराय गांव के चार युवाओं ने तालाब में अभ्यास कर तैराकी में अपनी पहचान बनाई है। इसकी बदौलत साहिल, रोबिन, सचिन और रविंद्र का आर्मी में सिपाही के पद पर चयन हुआ है। यह उनकी पांच सालों की मेहनत का परिणाम है।
यह उपलब्धि न केवल इन खिलाड़ियों की सफलता है बल्कि उनके कोच राम ढुल रामराय की वर्षों की मेहनत और मार्गदर्शन का परिणाम भी है। पांच वर्षों से लगातार प्रशिक्षण ले रहे इन खिलाड़ियों ने साबित कर दिया कि समर्पण और निरंतर अभ्यास से मंजिल हासिल की जा सकती है।
जिले के ये चारों तैराक इंडियन आर्मी की भर्ती प्रक्रिया में शानदार प्रदर्शन करते हुए चुने गए। उनके चयन की खबर मिलते ही खेल प्रेमियों और परिवार में खुशी का माहौल है। कोच ने बताया कि ये सभी खिलाड़ी अपने नाना के घर पर रहकर गांव के तालाब में ही अभ्यास करते थे।
उन्होंने कहा कि तैराकी एक ऐसा खेल है जो शरीर को न सिर्फ मजबूत बनाता है बल्कि मानसिक रूप से भी अनुशासन और साहस का विकास करता है। यही गुण आज इन चारों खिलाड़ियों को भारतीय सेना तक लेकर गए हैं। कोच राम ढुल ने गर्व जताते हुए कहा कि पांच वर्षों की मेहनत रंग लाई है और यह उपलब्धि जिले के लिए प्रेरणादायी उदाहरण बनेगी।
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मैनें दो स्कूलस्तरीय प्रतियोगिताओं में तीन स्वर्ण पदक और एक रजत पदक जीता है। इसके अलावा, राष्ट्रीय स्तरीय तैराकी में हिस्सा लेकर जिले की प्रतिभा का लोहा मनवाया। सीनियर स्टेट चैंपियनशिप में बेहतरीन खेल दिखाते हुए एक रजत पदक अपने नाम किया। वहीं खेल महाकुंभ में स्वर्ण पदक जीता-साहिल, तैराक
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मैनें तैराकी की तीन जूनियर नेशनल और तीन सीनियर नेशनल प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेकर अपने कौशल का लोहा मनवाया। इसके साथ ही दो नेशनल गेम्स में भाग लेकर जिले का नाम राष्ट्रीय मंच पर गौरवान्वित किया। हरियाणा ओलंपिक में सात मेडल मिले जबकि 2025 के सीनियर स्टेट में भी सात पदक जीते।-रविंद्र, तैराक
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मैनें तीन सीनियर नेशनल, दो जूनियर नेशनल और तीन स्कूल नेशनल प्रतियोगिताओं में भाग लेकर जिले का नाम रोशन किया। इसके साथ ही ओपन स्टेट मेडलिस्ट रहे हैं और स्कूल स्टेट मेडलिस्ट के रूप में भी उत्कृष्ट उपलब्धि हासिल की है। -सचिन, तैराक
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मैनें चार नेशनल गेम्स, एक सीनियर नेशनल, एक जूनियर नेशनल और तीन स्कूल नेशनल्स में भाग लिया। रैंकिंग नेशनल चैंपियनशिप में एक गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीता। वहीं हरियाणा ओलंपिक गेम्स में एक गोल्ड व दो सिल्वर हासिल किए। इसके अलावा, हरियाणा स्टेट गेम्स में भी शानदार पदक प्रदर्शन किया।-रोबिन, तैराक
वर्जन
पांच वर्षों से खिलाड़ी गांव के तालाब में अभ्यास कर रहे हैं। खिलाड़ियों ने अपनी मेहनत से जिले के साथ-साथ परिवार का भी नाम रोशन किया है। - राम ढुल, कोच
17जेएनडी10 : साहिल
17जेएनडी10 : साहिल
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