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विधानसभा की सब्जेक्ट कमेटी ने माना सरकारी पैसे की हुई बर्बादी

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डिवाइडर के ऊपर से ट्रैक्टर निकालते किसान। संवाद - फोटो : Jind
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विकास कार्यों में बरती जा रही अनियमितता पर पलवल के भाजपा विधायक दीपक मंगला की अध्यक्षता वाली सब्जेक्ट कमेटी ने बुधवार को शहर का दौरा किया। दौरान दौरे से पहले पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में हुई अधिकारियों की बैठक में जींद के भाजपा विधायक डॉ. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि पीडब्ल्यूडी, जनस्वास्थ्य विभाग व नगर परिषद ने शहर का भट्ठा बैठा दिया है। निरीक्षण के बाद विधायक विनोद भ्याणा ने माना कि सरकारी पैसे की बर्बादी हुई है। ऐसे में लोगों को गुस्सा भी जायज है। कमेटी विधानसभा अध्यक्ष व मुख्यमंत्री मनोहर लाल को अपनी रिपोर्ट देगी। इसमें जिन अधिकारियों की लापरवाही रही है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई की अनुशंसा की जाएगी। ऐसे में नगर परिषद, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर व जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों पर कार्रवाई तय मानी जा रही है।
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गौरतलब है कि जींद शहर में अमरूत योजना के तहत 35 करोड़ रुपये से करीब 29 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन डाली गई है। इसके ऊपर से सफीदों रोड, मिनी बाईपास व रोहतक रोड पर करीब आठ किलोमीटर लंबी नई सड़क बनी है। जुलाई में हुई बारिश के बाद रोहतक रोड व मिनी बाईपास पाइपलाइन वाली जगह से पूरी तहर से धंस गई। इसके बाद से सरकारी कामों पर सवाल उठ रहे हैं। इसी के चलते सब्जेक्ट कमेटी ने भी जींद के भाजपा विधायक के कहने पर जांच शुरू की है।
रोहतक रोड व भिवानी रोड पर लगे प्रशासन व सरकार के खिलाफ नारे
निरीक्षण के दौरान जब जांच कमेटी भिवानी रोड पहुंची तो यहां देवीदास वाल्मीकि ने बरती जा रही अनियमितताओं की जानकारी दी। उन्होंने जींद के विधायक पर सीधे सवाल उठाए कि पहले वे सड़कों पर लगने वाली टाइल्स का विरोध कर रहे थे। लेकिन अब कुछ नहीं बोलते। इसके बाद जांच दल चलने लगा तो लोगों ने जींद विधायक, सरकार व जींद प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। इसके बाद रोहतक रोड पर भी जांच करने आए विधायकों को लोगों ने खरी-खरी सुनाई। लोगों ने कहा कि तीन साल में 200 आंदोलन के बाद सड़क बनी है और इसका यह हाल है कि हर वक्त खतरा बना रहता है।
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मेडिकल कॉलेज में मिलीं खराब ईंटें, जांच के आदेश
निरीक्षण के दौरान टीम को मेडिकल कॉलेज में चल रहे निर्माण की जगह खराब ईंटें रखी मिलीं। जब इस बारे में कंपनी के अधिकारियों से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि यह ईंट गुणवत्ता में सही हैं, लेकिन इनका रंग सही नहीं है। ऐसे में इनको रद्द कर दिया गया है। इस पर विधायक विनोद भ्याणा ने कहा कि यह ईंट साइट पर आई ही क्यों। इस पर उन्होंने जांच के आदेश दिए। वहीं निर्माण एजेंसी के परियोजना निदेशक कपिल देवी गौड़ ने कहा कि ईंटों का रंग सही नहीं होने के कारण इनको रद्द कर दिया गया है। इन ईंटों का प्रयोग निर्माण में नहीं किया गया है।
जींद पहला शहर, जिसके विनाश पर खर्च हुए करोड़ों
विधायकों के दौरे के दौरान रोहतक रोड पर जींद विकास संगठन के प्रधान डॉ. राजकुमार गोयल ने कहा कि जींद अकेला ऐसा शहर है, जिसके विनाश के लिए सरकार के करोड़ों रुपये खर्च हो गए। उन्होंने कहा कि इन कथित विकास परियोजनाओं से पहले जींद शहर बेशक बहुत अच्छा नहीं था। लेकिन इतनी बुरी स्थिति भी नहीं थी। वहीं रोहतक रोड निवासी सुशीला मलिक ने कहा कि विधायकों का दौरा सिर्फ औपचारिकता थी। लोगों से बात नहीं की और सिर्फ सायरन बाजते हुए निकल गए।
पुलिस के अवरोध भी नहीं आए काम
प्रशासन ने चीनी मिल के पास बस व ट्रक लगाकर किसानों को रोकने का प्रयास किया। लेकिन किसानों ने ट्रैक्टर डिवाइडर के ऊपर से चढ़ाकर तमाम अवरोधों को ध्वस्त कर दिया। इसके बाद नारेबाजी करते हुए किसान पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस पहुंच गए।
यह विधायक रहे मौजूद
दीपक मंगला, विनोद भ्याणा, लीलाराम गुज्जर, डॉ. कृष्ण मिड्ढा, प्रवीण डागर। इसके अलावा सब्जेक्ट कमेटी में शामिल आफताब अहमद, मामन खान, शमशेर सिंह गोगी, देवेंद्र सिंह बबली, मोहम्मद इलयास टीम के साथ नहीं पहुंचे।
सायरन से गूंजा पूरा शहर
दोपहर करीब 12 बजे कमेटी जांच के लिए पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस से निकली। इसके बाद रानी तालाब, भिवानी रोड, बुढ़ा बाबा बस्ती, रोहतक रोड, मिनी बाईपास, सफीदों रोड, मेडिकल कॉलेज, नया बस अड्डा, कैथल रोड, रेलवे रोड पर निरीक्षण किया गया। जगह जगह अतिक्रमण व गलत पार्किंग के कारण लगे जाम के चलते पुलिस की गाड़ियों के सायरन बजते रहे। एक साथ काफी गाड़ियों का काफिला देखकर लोग भी रुके रहे।
प्लाट में भरा पानी, चालान कटवाने के आदेश
सीवर व्यवस्था की जांच के लिए बुढ़ाबाबा बस्ती में पहुंचे विधायकों की टीम को एक प्लाट के पास रोका गया। इस प्लाट में बारिश का पानी भरा था। ऐसे में विधायक विनोद भ्याणा ने कहा कि नगर परिषद इस प्लाट मालिक का चालान करे।
एक करोड़ 68 खर्च करके भी बरसोला गांव के लोग प्यासे
अधिकारियों की मीटिंग में जनस्वास्थ्य विभाग के एक बड़े अधिकारी ने कहा कि उनका विभाग काफी अच्छा काम कर रहा है। घर-घर पानी पहुंचा दिया है। इस पर जींद के विधायक डॉ. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि कहां पानी पहुंचाया है। एक करोड़ 68 लाख रुपये खर्च करने के बाद भी बरसोला गांव के लोग आपकी जान को रो रहा (आप लोगों को कोष) है। इस समस्या को लेकर कमेटी ने जनस्वास्थ्य विभाग के जेई के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
किसानों ने प्रशासन की सांस फुलाई
निरीक्षण के दौरान जब खटकड़ टोल पर किसानों को विधायकों के आने की सूचना मिली तो वे ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरकर जींद के लिए रवाना हो गए। हालांकि निरीक्षण के बाद कमेटी के सदस्यों को वापस पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस आना था। लेकिन किसानों के आने की सूचना पर रेलवे रोड के निरीक्षण के बाद सभी विधायक लौट गए। वहीं पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस के बाहर किसानों ने करीब एक घंटे तक नारेबाजी की। पांच किसान रेस्ट हाउस में देखकर आए कि यहां विधायक नहीं है। इसके बाद किसान लौट गए। यहां खटकड़ा टोल कमेटी के प्रधान सतबीर पहलवान ने कहा कि भाजपा नेताओं का विरोध जारी रहेगा।
जींद के हालात देखकर हुआ दुख
जींद के विधायक डॉ. कृष्ण मिड्ढा ने सब्जेक्ट कमेटी को जींद बुलाया है। जींद के हालात देखकर दुख हुआ। जींद के हालात बहुत बुरे हैं। जगह-जगह पानी भरा है, सड़कें टूटी हैं। विभागों की लापरवाही के कारण ऐसा हुआ है। इसकी रिपोर्ट विधानसभा अध्यक्ष व मुख्यमंत्री को दी जाएगी। सरकार ने पैसा लगाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। अधिकारियों की लापरवाही के कारण लोगों का विरोध जायज है।
विनोद भ्याणा, सदस्य, सब्जेक्ट कमेटी।

सड़क पर बैठ कर रोष जताते रोहतक रोड के लोग। संवाद- फोटो : Jind

रोहतक रोड पर नारेबाजी करते लोग। संवाद- फोटो : Jind

रेस्ट हाउस के बाहर नारेबाजी करते किसान। संवाद- फोटो : Jind

भिवानी रोड पर नारेबाजी करते देवीदास वाल्मीकि। संवाद- फोटो : Jind

विधायकों के आने के विरोध में पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस के बाद सड़क के बीच में किसानों द्वारा खड़े कि- फोटो : Jind

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