जींद। भीषण गर्मी के बाद शनिवार दोपहर बाद आई बारिश ने जहां लोगों को गर्मी से राहत दिलवाई, वहीं कुछ लोगों के लिए बारिश आफत बन कर आई। शहर की कई कॉलोनियों में जलभराव हो गया तो नरवाना रोड पर नगर परिषद द्वारा डाली गई पाइप लाइन की मिट्टी कई जगह से धंस गई। इसमें दो वाहन भी धंस गए। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। जींद में 14 व जुलाना में आठ एमएम बारिश दर्ज की गई। अन्य जगहों पर बूंदाबांदी हुई है।
पिछले करीब एक सप्ताह से गर्मी का सितम जारी है। शनिवार को भी सुबह से ही तेज गर्मी रही। दिन चढ़ने के साथ ही तापमान भी चढ़ा और दिन में एक बजे तापमान 40 डिग्री पहुंच गया। इसके बाद करीब तीन बजे बारिश शुरू हुई। एक घंटे तक हुई बारिश के कारण गर्मी से राहत मिली। वहीं शहर के रोहतक रोड, लक्ष्मी नगर, नरवाना रोड, शीतलपुरी कॉलोनी सहित कई जगहों पर जलभराव हो गया। नरवाना पर करीब दो महीने पहले ही नगरपरिषद द्वारा पानी निकासी के लिए पाइप लाइन दबाई गई थी। इसमें गहरे गड्ढे बन गए। ऐसे में इन गड्ढों ने एक दूध सप्लाई वाली गाड़ी व एक अन्य कार धंस गई। गनीमत रही कि इससे कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
प्रशासन के दावों की निकली हवा
प्रशासन लंबे समय से बारिश की तैयारी का दम भर रहा था, लेकिन पहली ही बारिश ने पोल खोल दी। शहर की कई कॉलोनियों ने जलभराव हो गया। शहर में बारिश से पहले नालों व सीवर की सफाई नहीं की गई है।
इंदिरा कॉलोनी में गिरा निर्माणाधीन मकान
बारिश के कारण जाट स्कूल के पीछे इंदिरा कॉलोनी में निर्माणाधीन मकान गिर गया। मकान मालिक वजीर सिंह ने बताया कि बारिश के चलते उसके निर्माणाधीन मकान का उपरी हिस्सा गिर गया। गनीमत रही कि हादसे के वक्त वहां कोई नहीं था। वजीर सिंह के अनुसार मकान प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनाया जा रहा है। पिछले करीब तीन महीने से मकान का काम रूका हुआ था। इसका कारण नगरपरिषद द्वार राशि नहीं देना है। यदि मकान पूरा हो जाता तो नहीं गिरता।
धान की रोपाई बाधित
जिला में अभी तक बारिश नहीं होने से धान की रोपाई बाधित हो रही है। शनिवार को भी बारिश जींद व जुलाना में ही हुई है। ऐसे में अभी किसानों को धान की रोपाई के लिए और इंतजार करना पड़ेगा।