भिवानी रोड रेलवे फाटक पर बनने वाले रेलवे ओवरब्रिज के विरोध में दुकानदार लामबंद हो गए हैं। वीरवार को दुकानदारों ने एकत्रित होकर विरोध जताया। इस मौके पर पीडब्ल्यूडी बीएंडआर के एसडीओ केएस चोपड़ा के पहुंचने पर दुकानदारों ने कहा कि यहां पर रेलवे ओवरब्रिज के बजाय अंडरपास बनाया जाय, ताकि उनका रोजगार प्रभावित न हो।
दुुकानदारों ने कहा कि आरओबी बनने से दोनों ओर के पांच सौ दुकानदारों का काम प्रभावित होगा। इससे पांच हजार परिवारों की रोजी-रोटी पर संकट आ जाएगा। एसडीओ ने कहा कि वे दुकानदारों की बात अपने उच्च अधिकारियों तक पहुंचा देंगे। इस पर दुकानदारों ने तय किया कि शुक्रवार को इस मामले में डीसी से मुलाकात की जाएगी।
जानकारी के लिए भिवानी रोड फाटक पर आरओबी को मंजूरी मिली है। यहां 16 करोड़ रुपये की लागत से रेलवे फाटक से शहर की तरफ 350 मीटर व भिवानी की तरफ 300 मीटर पुल बनाया जाना है। हालांकि पुल का दो तिहाई हिस्सा पिलर पर बनेगा, लेकिन दुकानदारों का कहना है कि इसके डिजाइन में गड़बड़ी है। दुकानदारों के अनुसार जहां पुल समाप्त होगा वहीं से हांसी रोड-भिवानी रोड को जोड़ने वाली गली जाती है। इससे यह गली बंद हो जाएगी। साथ ही भिवानी रोड व हांसी रोड पर दोनों जगह भारी मशीनरी का काम है। पुल बनने से एक तरफ की दुकान से दूसरी तरफ जाना मुश्किल हो जाएगा। ऐसे में यदि यहां अंडरपास बना दिया जाए तो समस्या का समाधान हो सकता है। अंडरपास बनने के बाद सर्विस रोड के लिए भी जगह बच जाएगी। लोगों ने कहा कि यहां पर पुल बनाने की जरूरत नहीं है। शहर के अंदर बड़े वाहनों का प्रवेश निषेध है और शहर के चारों तरफ फ्लाईओवर बना हुआ है। छोटी गाड़ियों की एंट्री अंडरपास से आसानी से हो सकती है। इस अवसर पर बजरंग शर्मा, भूपेंद्र देशवाल, धर्मबीर आहूजा, मनीष गाबा, बलजीत सैनी, तरसेम सिंगल, मनोज शर्मा, प्रभुदयाल आहुजा, नरेंद्र सैनी, वेद, सतबीर मोर, अनूप मौजूद रहे।
नए बाईपास पर बनाया जाए पुल
लोगों ने कहा कि बस स्टैंड के साथ से निकलने वाले नए बाईपास की पहुंच भिवानी रोड तक है। इस रोड पर पुल बनाने से यातायात शहर में आने से बच सकेगा और लोगों को दोहरा फायदा होगा। ऐसे में नए बाईपास पर पुल बनाने की जरूरत है। लोगों ने कहा कि यहां पुल बनाने का फैसला वापस होना चाहिए।
भाजपा प्रत्याशी का किया जाएगा विरोध
आरओबी का विरोध कर रहे दुकानदार व आसपास के लोगों ने कहा कि भाजपा उनके रोजगार तबाह करने पर तुली हुई है। ऐसे में यदि पुल का निर्माण नहीं रोका जाता तो विधानसभा चुनाव मेें भाजपा प्रत्याशी का विरोध किया जाएगा।
यहां पर पहले अंडरपास के लिए ही सर्वे किया गया था, लेकिन यह फिजिबल नहीं है। ऐसे में आरओबी का प्रस्ताव तैयार किया गया है। हालांकि पुल का अधिकतर हिस्सा पिलर पर है और लोगों को परेशानी नहीं आएगी, फिर भी लोगों की बात अधिकारियों तक पहुंचा दी जाएगी।
केएस चोपड़ा, एसडीओ, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर