फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rekha Gupta: दिल्ली सीएम की शपथ में पहुंचे थे नंदगढ़ के लोग, साथ ले गए टिंडी घी व लस्सी, परिवार से भी मिले

Thu, 20 Feb 2025 10:10 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, जींद (हरियाणा)

सार

हरियाणा के जींद के जुलाना के गांव नंदगढ़ के लोगों को जैसे ही रेखा गुप्ता के दिल्ली की सीएम बनने की सूचना मिली तो सैकड़ों लोग अपनी-अपनी गाड़ियों में गए।
विज्ञापन
रेखा गुप्ता की मां से मिलते नंदगढ़ के लोग। - फोटो : वीडियो ग्रैब
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुरुवार को दिल्ली सचिवालय में औपचारिक रूप से मुख्यमंत्री के रूप में पदभार संभाला। इससे पहले रेखा गुप्ता ने रामलीला मैदान में सीएम पद की शपथ ली।

विज्ञापन


हरियाणा के जींद के जुलाना के गांव नंदगढ़ के लोगों को जैसे ही रेखा गुप्ता के दिल्ली की सीएम बनने की सूचना मिली तो सैकड़ों लोग अपनी-अपनी गाड़ियों में गए। इनमें चांद दलाल का परिवार भी दिल्ली पहुंचा। चांद दलाल का परिवार घर से रेखा गुप्ता के लिए टिंडी घी व लस्सी लेकर गए। इसको रेखा गुप्ता की मां को दिया गया।

विज्ञापन


चांद दलाल ने बताया कि उनके पहुंचने से पहले ही उनके पास किसी अधिकारी के माध्यम से उनके पास पहुंचाए गए। इसके बाद उनको शपथ ग्रहण समारोह में आगे बैठने का मौका मिला। इससे पहले वह उनके घर पर गए थे। जहां पर उन्होंने रेखा गुप्ता की मां, भाई व भाभियों से मुलाकात की। बाद में वह शपथ ग्रहण समारोह व दूसरे स्थान पर रेखा गुप्ता से मिले। वहां पर दो से तीन मिनट तक बातचीत हुई। रेखा गुप्ता के परिजनों ने उनको दिल्ली में रुकने के लिए भी कहा, लेकिन वह वापस आ गए। रेखा गुप्ता की मां ने अपनी धर्म बहन चांद की मां शंकुतला को गले से लगाया और गांव के हर मोहल्ले के बारे में बातचीत की।

कभी सोचा नहीं था कि उनकी बेटी इतनी बड़ी बनेगी
रेखा गुप्ता की मां ने नंदगढ़ निवासी अपनी धर्म बहन शंकुतला व उनके परिजनों को कहा कि उन्होंने कभी सोचा नहीं था कि उनकी बेटी इतनी बड़ी बनेगी। उनकी खुशी का कोई ठिकाना नहीं है। इसके बाद गांव के लोगों को वापस आते समय मिठाई व उपहार भी भेंट किए।
विज्ञापन


पहले से ज्यादा मिला स्नेह
चांद दलाल ने बताया कि रेखा गुप्ता का परिवार आज बहुत ज्यादा व्यस्त था। इसके बाद भी उन्होंने उन समेत गांव के अन्य लोगों के साथ ऐसा व्यवहार व बातचीत की। उनको महसूस नहीं हुआ कि वह दिल्ली के सीएम के परिवार से बात कर रहे हैं।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें