उचाना। संसद सुरक्षा चूक मामले में गिरफ्तार की गई घसो खुर्द गांव की नीलम आजाद 574 दिन बाद जेल से बाहर आई है। कोर्ट ने शर्तों के साथ नीलम को जमानत दी है। हालांकि नीलम करीब साढ़े नौ बजे मंगलवार रात जेल से बाहर निकली। दो जुलाई को दिल्ली हाई कोर्ट ने नीलम आजाद को 50 हजार रुपये के मुचलके पर जेल से बाहर आने की अनुमति दी थी।
इसके बाद कागजी प्रक्रिया, जमानती गवाह तैयार करने में पांच से छह दिन लग गए। फिलहाल नीलम आजाद हरियाणा में अपने घर नहीं आ पाएगी। जमानत के साथ लगाई गई पाबंदियों के तहत नीलम दिल्ली से बाहर नहीं जा सकेगी। इसके अलावा उसके मीडिया में इंटरव्यू देने और सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की पोस्ट करने पर भी पाबंदी है। उन्हें सप्ताह में तीन दिन सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को थाना में हाजिरी लगानी होगी।
13 दिसंबर 2023 को संसद की सुरक्षा में चूक का मामला सामने आया था। साल 2001 में संसद पर हुए आतंकवादी हमले की बरसी के दिन लोकसभा भवन में शून्यकाल के दौरान आरोपी सागर शर्मा और मनोरंजन डी दर्शक दीर्घा से नीचे सदन में कूद गए थे। उन्होंने सदन में पीली गैस छोड़ी और नारेबाजी की। लोकसभा में मौजूद सांसदों ने इन दोनों को काबू किया था। वहीं दो अन्य आरोपियों अमोल शिंदे और नीलम आजाद ने संसद भवन के बाहर परिसर में रंगीन गैस का स्प्रे किया था और नारेबाजी की थी। तभी से ये आरोपी पुलिस की गिरफ्त में थे। बाद में नीलम आजाद के वकील ने उसकी जमानत के लिए याचिका लगाई थी।