जींद। अलेवा गांव स्थित शिरडी डेरा के प्रमुख शंभूनाथ ने सेवक को रोटी बनाने से मना करने पर डंडे से पीट-पीटकर हत्या कर दी। शुक्रवार रात को डेरे में प्रसाद के रुप में चढ़ाई गई शराब पीने के बाद डेरा प्रमुख शंभूनाथसेवक पोपड़ा निवासी रामफल को रोटी बनाने के लिए कहा था। इस पर सेवक ने कहा कि गुरु जी रोटी तो वह भी बनी बनाई ही खाएगा। इस पर डेरा प्रमुख भड़क गया और अपना आपा खो बैठा।
अलेवा गांव में बने शिरडी के डेरे में हर रविवार को प्रसाद के रूप श्रद्धालुओं द्वारा शराब चढ़ाई जाती है। शुक्रवार को अमावस्या के दिन भी डेरे में शराब चढ़ाई गई थी। शुक्रवार को डेरामुखी शंभूनाथ व उसके सेवक रामफल के अलावा कई लोगों ने शराब पी। देर रात को डेरामुखी शंभूनाथ ने सेवक रामफल को रोटी बनाने की बात कही तो सेवक ने रोटी बनाने से मना कर दिया और कहा कि गुरुजी रोटी तो वह भी बनी बनाई ही खाएगा। इस पर डेरामुखी तैश में आ गया और वहां पर पड़ी ईंट सेवक को दे मारी। इसके बाद डेरे से डंडा लेकर उसकी पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। सेवक की मौत होने के बाद डेरा प्रमुख वहां से भाग गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर परिजनों को सूचना दी। इस पर परिजन मौके पर पहुंचे। इस मामले में अलेवा थाना पुलिस ने मृतक के छोटे भाई दिनेश की शिकायत पर डेरामुखी शंभूनाथ के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अलेवा थाना प्रभारी बीरबल ने बताया कि हत्या करने का आरोपी बाबा शंभूनाथ उर्फ कुलदीप रोहतक के टिटौली गांव का रहने वाला है। उसकी धरपकड़ के लिए हर संभावित स्थानों पर छापा मारा जा रहा है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।