घायल पुलिस कर्मचारियों को नागरिक अस्पताल नरवाना में दाखिल करवाया गया जबकि किसान को कहां दाखिल करवाया गया, इसका पता नहीं चला। शाम को 7 बजे पांच हजार किसानों का पंजाब से दूसरा जत्था भी बॉर्डर पर पहुंच गया। रात 8 बजे तक स्थिति तनावपूर्ण बनी रही।
7 बजे हिसार मंडल के एडीजीपी डॉ. एम रवि किरण भी बॉर्डर पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति का जायजा लिया। हरियाणा से लगभग एक हजार किसान भी पंजाब के किसानाें की मदद के लिए बॉर्डर पर पहुंच गए हैं।
ड्रोन से रखी जा रही नजर
पुलिस आसमान से भी पूरे मामले पर नजर रख रही है। ड्रोन को लगभग पंजाब की सीमा में एक किलोमीटर तक घुमाया जा रहा है। इससे पंजाब की तरफ से आने वाले किसानों की संख्या का पता लगाकर पुलिस उसी हिसाब से अपना इंतजाम कर रही है। सुरक्षा के हिसाब से बड़े-बड़े पत्थरों को बॉर्डर पर रखकर सड़क को पूरी तरह से ब्लॉक किया गया है। तीन लेयर में पुलिस ने बॉर्डर की सुरक्षा कर रखी है।
जींद में चीनी मिल को बनाया अस्थायी जेल
उग्र होते किसान आंदोलन को देखते हुए महानिदेशक जेल द्वारा आदेश दिए गए हैं कि जींद की चीनी मिल को अस्थायी तौर पर जेल बना दिया गया है। यहां पर डाॅ. मनदीप व पवन जैन के साथ सामंजस्य स्थापित कर अस्थायी जेल में डयूटी करेंगे।
सभी अधिकारियों और कर्मियों के अवकाश रद्द
उपायुक्त डा. मोहम्मद इमरान रजा ने मंगलवार से आगामी आदेशों तक अधिकारी व कर्मचारियों की छुट्टी को रद्द करने के आदेश जारी किए गए हैं। केवल चिकित्सीय अस्पताल की स्थिति में सीएमओ जींद से चिकित्सा प्रमाण पत्र प्राप्त करने के बाद ही सक्षम प्राधिकारी की स्वीकृति के बाद अवकाश की अनुमति दी जाएगी।