जींद। नई अनाज मंडी मेला मंडी नरवाना में इनेलो ने धान खरीद पर नमी के नाम पर किसानों से हो रही लूट को लेकर सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया। इसके बाद मार्किट सचिव को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया। कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
जिला प्रधान विजेंद्र रेढू और जिला प्रभारी पूर्व विधायक रामफल कुंडू ने कहा कि प्रदेश में धान की खरीद में की जा रही धांधली के कारण हो रही लूट की तरफ सरकार का ध्यान नहीं है। किसानों द्वारा मंडियों में धान की सरकारी एजेंसी खरीद भी नहीं कर रही है जिसके कारण किसानों को अपनी फसल ओने-पौने दामों पर बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है।
सरकार के सामान्य धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2369 रुपये प्रति क्विंटल एवं ए ग्रेड धान का मूल्य 2389 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया हुआ है। सरकारी धान खरीद एजेंसियों और राइस मिलर्ज की मिली भगत के कारण नमी की आड़ लेकर किसानों से 200-300 रुपये प्रति क्विंटल रुपये की कटौती की जा रही है जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है।
विडंबना यह है कि किसानों को दिए जाने वाले जे फॉर्म में भी जो धान बेचने के पश्चात राशि अंकित की जा रही है वास्तव में उसकी अदायगी नहीं की जा रही। जाहिर है कि नमी के मापदंड की आड़ में किसानों को लूटा जा रहा है और किसान कटौती को लेकर सड़कों पर जाम लगाने को उतारू हो रहे हैं।
इसलिए इनेलो पार्टी धान की खरीद पर नमी की आड़ में अनाधिकृत कटौती करने बाजरे और कपास को निर्धारित मूल्य से कम पर खरीदने का पुरजोर विरोध करती है। मांग करती है कि किसानों से धान पर जो कटौती की जा रही है वह तुरंत बंद की जाए, बाजार और कपास की खरीद निर्धारित मूल्य पर तत्काल शुरू की जाए व जो अनाधिकृत कटौती अभी तक किसानों से की गई है उसकी तुरंत भरपाई की जाए।
इस अवसर पर सुमित्रा देवी, रामेश्वर पहलवान, जयकुमार पवार, वेद सिंह मुंडे, प्रदीप नैन, इंद्रजीत बेनिवाल, अंग्रेज नैन, प्रदीप गिल, छबील दास, प्रताप लाठर, सुदेश कंडेला, भगवती दहिया, राजीव चोपड़ा, पवन सुलहेड़ा, रणधीर फुलिया, प्रो. बलवान पेगा, सतीश खरड़वाल, प्रो. दयानंद, सतपाल मोर, मा. कर्मबीर, सौरभ गुरुसर, अंकित चोपड़ा मौजूद रहे।