जींद। बारिश नहीं होने के कारण एक बार फिर पारा बढ़ने लगा है। रविवार को सुबह से दोपहर तक उमस भरी गर्मी के कारण लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही अर्बन इस्टेट जैसी पॉश कॉलोनी में रहने वाले लोगों को रविवार आठ घंटे बिजली नहीं मिली। इस कारण कॉलोनी के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में रात के समय बिजली नहीं मिलने के कारण परेशानी हो रही है। ज प्रतिदिन बिजली निगम बिजली घरों में मरम्मत कार्य के चलते बिजली आपूर्ति बंद होने का संदेश देता है लेकिन संदेश के बावजूद तीन-तीन घंटे देरी से बिजली मिलती है।
रविवार को अधिकतम तापमान 39 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम में आद्रता 32 प्रतिशत जबकि हवा की गति 13 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई। रविवार को दिन का आगाज साफ मौसम के साथ हुआ। दिन चढ़ने के साथ तापमान भी बढने लगा। हवा की गति छह किलोमीटर प्रति घंटा होने के कारण मौसम उमस भरा हो गया। पंखे, कूलर व एसी भी राहत देने में नाकाम रहे। दोपहर बाद मौसम ने करवट ली। आकाश में आंशिक रूप से बादल दिखाई दिए तो हवा की गति भी 13 किलोमीटर प्रति घंटा तक जा पहुंची। इससे उमस भरे मौसम से कुछ राहत दी। अगले दो दिनों तक बादलवाई भी आकाश में देखने को मिलेगी। इसके साथ मामूली सी तापमान में बढ़ोतरी भी होगी। पांडू पिंडारा कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक डॉ. राजेश ने बताया कि पश्चिम विक्षोभ के आंशिक असर के चलते मौसम में बदलाव आया है। 29-30 जून को बारिश के आसार बन रहे हैं। मौसम को देखते हुए किसान खेतों में कीटनाशक का छिड़काव रोक दें। बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर कृषि विशेषज्ञों से सलाह ले।
जुलाना व अर्बन इस्टेट जींद में रखा था दो घंटे का कट, कई घंटे बाद मिली बिजली
बिजली निगम ने संदेश जारी करते हुए अर्बन इस्टेट व जुलाना के कई गांवों में सुबह आठ बजे से दस बजे तक बिजली आपूर्ति मरम्मत कार्य के कारण दो घंटे बंद होने के लिए बताया था। अर्बन इस्टेट में सुबह आठ बजे बिजली गुल हुई थी, जो दोपहर बाद तीन बजे बहाल हो पाई। इससे इस कॉलोनी में रहने वाले लगभग पांच हजार लोग प्रभावित हुए। एक तो गर्मी ऊपर बिजली नहीं होने से छोटे बच्चों व बुजुर्गों को अधिक परेशानी हुई। वहीं जुलाना के करसोला, करेला, गतौली, खरेंटी समेत एक दर्जन गांवों में भी सुबह आठ से दस बजे तक बिजली कट की घोषणा की थी लेकिन इन गांवों में भी बिजली दोपहर बाद ही सुचारू हो पाई।
धान रोपाई का कार्य शुरू होते ही बिजली की खप्त हुई 78 लाख यूनिट के पार
जींद। धान रोपाई का काम शुरू होते ही बिजली की खपत भी बढ़ गई है। जींद सर्कल में 78.03 लाख यूनिट बिजली की खपत हो रही है, अगले दो दिन में 80 लाख यूनिट तक बिजली की खपत पहुंच सकती है। तापमान में बढ़ोतरी की वजह से भी बिजली की मांग बढ़ी है और ओवरलोड की वजह से फ्यूज उडने, केबल बाक्स डैमेज होने, केबल टूटने से फाल्ट आ रहे हैं। रविवार को सेक्टर आठ पावर हाउस में मरम्मत के काम की वजह से सुबह आठ से 10 बजे तक सफीदों रोड, सेक्टर छह, सात, आठ, गोहाना रोड सहित कई कॉलोनियों की बिजली सप्लाई बाधित रही।
कहां कितनी बिजली की खपत
कृषि फीडर : 31.35 लाख यूनिट
ग्रामीण घरेलू : 29.14 लाख यूनिट
शहरी फीडर : 14.64 लाख यूनिट
इंडस्टी और अन्य फीडर : 2.90 लाख यूनिट
कुल खपत : 78.03 लाख यूनिट
अर्बन इस्टेट में सुबह आठ बजे से दस बजे तक बिजली निगम ने अपने कार्य के कारण बिजली सप्लाई बंद की थी। इसके बाद हुडा विभाग द्वारा कुछ लाइन शिफ्टिंग का कार्य किया जाना था। इस कारण बिजली आपूर्ति बंद रखी गई। जुलाना के गांवों में समय पर बिजली सप्लाई बहाल कर दी थी। गांवों में बिजली आपूर्ति के लिए समय निर्धारित है, उसी अनुसार बिजली दी जा रही है।
--कृष्ण कुमार, एसडीओ बिजली निगम।