11जेएनडी16-हनुमान मंदिर में मिट्टी और गंगाजल से बनी भगवान हनुमान की प्रतिमा। संवाद
जींद। हनुमान भक्त शनिवार को हनुमान जयंती मनाई जाएगी। हर वर्ष यह त्योहार चैत्र पूर्णिमा पर ही मनाया जाता है। इस बार पूर्णिमा तिथि 12 अप्रैल को ब्रह्म मुहूर्त में 03:21 बजे शुरू होगी और 13 अप्रैल को सुबह 05:51 बजे समाप्त होगी।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चैत्र पूर्णिमा के दिन माता अंजनी और वानर राज केसरी के घर भगवान हनुमान का जन्म हुआ था। इसलिए श्रद्धालु इस दिन को हनुमान जन्मोत्सव के रूप में मनाते हैं। इस दिन हनुमान भक्त उपवास रखते हैं और जगह-जगह भंडारे व कई धार्मिक आयोजन करते हैं।
यह रहेगा पूजा का शुभ मुहूर्त : जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि हनुमान जयंती पर पूजा का पहला शुभ मुहूर्त शनिवार को सुबह 7:34 बजे से सुबह 9:12 बजे तक रहेगी। इसके बाद दूसरा शुभ मुहूर्त शाम को 6:46 बजे से लेकर रात 8:28 बजे तक रहेगा।
हनुमान जन्मोत्सव पर हस्त नक्षत्र बन रहा है। जो शाम 6: 07 बजे तक बना रहेगा। इस दौरान व्याघात योग भी बनेगा। जो रात 8:39 बजे तक है। चैत्र शुक्ल की पूर्णिमा तिथि को हनुमान जयंती मनाई जाती हैं, जिसे हनुमान जन्मोत्सव कहा गया है।
मान्यता है कि बजरंग बली वर्तमान में भी हमारे आसपास धरती पर सशरीर मौजूद हैं। इसलिए इसे हनुमान जन्मोत्सव कहा जाता है।