जींद। लगातार बढ़ रहे प्रदूषण को देखते हुए केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने ग्रैप-3 लागू कर दिया है। अब दिल्ली एनसीआर में कई चीजों पर पाबंदी लगा दी गई है, जोकि जिले में भी लागू होगी। अब जिले में निर्माण और तोड़ने पर रोक लगा दी गई है। इसके अलावा बीएस-3 पेट्रोल और बीएस-4 डीजल के वाहन सड़कों पर नहीं दौड़ पाएंगे।
ग्रैप-3 मेें बोरिंग और ड्रिलिंग, पाइलिंग वर्क, ओपन ट्रेंच सिस्टम के काम पर रोक रहेगी। सीवर लाइन, ड्रेनेज और इलेक्ट्रिक केबल के काम पर भी रोक लगा दी गई है। आरएमसी बेंचिंग प्लांट, ईंट भट्ठे, बड़े वेल्डिंग वर्क और गैस कटिंग का काम भी नहीं हो सकेंगे। पिछले चार-पांच दिनों से धुंध छाई हुई है। धुंध के चलते विजिबिलिटी काफी कम हो गई है। लोग बिना मास्क लगाए घरों से निकल रहे हैं। अचानक से छाई धुंध से लोगों को खांसी और आंखों में जलन जैसी समस्याएं हो रही हैं, इसलिए चिकित्सकों ने घर से बाहर निकलने से पहले मास्क का इस्तेमाल करने और सुबह-शाम सैर पर न जाने की सलाह दी जा रही है। वहीं रोडवेज डिपो में आठ-दस बीएस-4 मॉडल की बसें हैं, जिनको पहले से ही दिल्ली नहीं भेजा जा रहा है। फिलहाल इन बसों को ग्रामीण रूटों पर चलाया जा रहा है। शुक्रवार को इन बसों को ग्रामीण रूटों पर भेजा गया है।
वायु प्रदूषण की स्थिति के आधार पर ग्रैप के अलग-अलग चरण लागू किए जाते हैं। एक्यूआई का स्तर 200 पार होने पर ग्रैप का पहला चरण लागू होता है। वहीं इसके 300 पार जाने पर दूसरा और 400 के पार जाने पर तीसरा चरण लागू होता है। एक्यूआई 450 के पार जाने पर ग्रैप का चौथा चरण लागू हो जाता है।
ग्रैप-3 में लगाई गई रोक
-निर्माण और तोड़फोड़ पर रोक लगा दी जाएगी। सभी गैर जरूरी खनन गतिविधियां बंद रहेंगी।
-गैर-इलेक्ट्रिक, गैर-सीएनजी और बीएस-4 डीजल वाहनों पर प्रतिबंध रहेगा।
-बीए-3 या उससे नीचे की गाड़ियां नहीं चलेंगी। हालांकि जरूरी सेवाओं से जुड़ी गाड़ियों को छूट रहेगी।
-एनसीआर में पेटिंग, पोलिसिंग, ईंट भट्ठा, पहाड़, क्रशर के काम पर प्रतिबंध रहेगा।
सड़कों तथा धूल उड़ने वाली जगह पर पानी का छिड़काव जारी रहेगा।
पांच दिन का एक्यूआई
10 नवंबर
240
11 नवंबर
278
12 नवंबर
252
13 नवंबर
321
14 नवंबर
400
15 नवंबर
345
बॉक्स
दोहपर बाद 325 के पार पहुंचा एक्यूआई
लघु सचिवालय के सामने हुडा में शुक्रवार दोपहर बाद एक्यूआई 329 के पार पहुंच गया। हालांकि पूरा दिन धीमी-धीमी हवा चल रही थी, लेकिन इसके बावजूद एक्यूआई का स्तर नीचे नहीं आया। शहर के भिवानी रोड, रोहतक रोड, नरवाना और सेक्टर-7 में एक्यूआई 300 से ऊपर दर्ज किया गया। जिले में इससे पहले एक्यूआई 400 के पार हो चुका है। फिलहाल कई जगह निर्माण कार्य धड़ल्ले से चल रहे हैं, वहीं खेतों में धान के अवशेष जलाने की घटनाएं रुक नहीं रही है। किसान रात और दिन दोनों समय अवशेष जला रहे हैं।
प्रदूषण स्तर बढ़ने से जिले में गैप-3 लागू हो गया है। निर्माण कार्य करने तथा तोड़ने पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध है। गर्म करने के लिए कोयले और लकड़ी का उपयोग न करें। लगातार बढ़ रहे प्रदूषण स्तर को लेकर अपने वाहनों के बजाय पब्लिक ट्रांसपोर्ट में ही सफर करें। हो सके तो साइकिल का ज्यादा इस्तेमाल करें। -अनिल कुमार, एसडीओ, हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड।