उचाना। पुलिस ने युवती को बंधक बना वेश्यावृत्ति करवाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पीड़िता की शिकायत पर उचाना थाना पुलिस ने युवती के मौसा समेत सात लोगों के खिलाफ यौन शोषण, देह व्यापार करवाने व ब्लैकमेल करने समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। युवती ने सभी लोगों पर उसे माध्यम बनाकर एक दुकानदार को ब्लैकमेल करवाने का भी आरोप लगाया है।
उचाना थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक गांव निवासी युवती ने बताया कि उसके मौसा मनोज ने रुपये लेकर उकलाना निवासी कुलदीप के पास उसको भेज दिया। इसके बाद कुलदीप ने भी पैसे लेकर उसे गांव पाबड़ा निवासी राममेहर के पास हिसार में भेज दिया। लगभग एक साल तक वह उसके पास रही। आरोप है कि बाद में फिर से उसे उकलाना लाया गया, जहां पर कुलदीप ने उसका यौन शोषण किया और उसकी पत्नी सुमन के साथ मिलकर देह व्यापार करवाना शुरू कर दिया। उसे कमरे में बंधक बनाकर रखा जाता और ग्राहकों से रुपये लेकर उससे देह व्यापार करवाया जाता रहा।
शिकायतकर्ता ने बताया कि कुलदीप का दोस्त गांव करसिंधू निवासी अमित से भी उसकी जान पहचान हो गई। अमित उसे गांव के ही सत्यवान के पास ले आया। इसी बीच सत्यवान ने गांव के ही एक दुकानदार को फंसाने के उद्देश्य से उसका उपयोग किया और दुकानदार के खिलाफ झूठी दुष्कर्म की शिकायत उचाना थाना में दर्ज कराई। मामले का भंडाफोड़ होने के साथ युवती की शिकायत पर उचाना थाना पुलिस ने सिरसा के गांव निवासी पीड़िता के मौसा मनोज, गांव दनौदा कलां निवासी कुलदीप, उसकी पत्नी सुमन, राजस्थान निवासी दलबीर, गांव पाबडा निवासी राममेहर, गांव करसिंधू निवासी सत्यवान तथा अमित के खिलाफ यौन शोषण, देह व्यापार करवाने, ब्लैकमेल करने समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
उचाना थाना प्रभारी रविंद्र ने बताया कि युवती को मोहरा बनाकर एक व्यक्ति के खिलाफ दुष्कर्म की झूठी शिकायत दी गई थी। जब युवती से पूछताछ की गई तो उसने हकीकत बताई। युवती न केवल यौन शोषण का शिकार हुई, बल्कि उससे देह व्यापार करवाया जाता था। फिलहाल सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपितों की धर पकड़ के लिए दबिश दी जा रही है।