22जेएनडी12-बस स्टैंड परिसर में बूथ पर खड़ी बस। संवाद
जींद। जींद डिपो में हर रोज पांच से सात बस मरम्मत के लिए खड़ी रहती हैं। कई बार बसों की मरम्मत में ज्यादा समय भी लग जाता है। ऐसे में कैथल, रोहतक और भिवानी जैसे लोकल रूट पर दूसरी बसों को कई बार डबल चक्कर लगाने पड़ जाते हैं। इससे यात्रियों को काफी असुविधा होती है और देरी होती है।
जींद डिपो की बसों में हर रोज 15 हजार से अधिक यात्री सफर करते हैं जिससे डिपो को लगभग दस लाख रुपये का राजस्व प्राप्त होता है। रोडवेज बसों के अलावा 162 परिवहन समिति की भी बस शामिल हैं जो नरवाना, असंध, गोहाना, पानीपत, हांसी जैसे रूट पर दौड़ रही है। ऐसे में इन बसों में से भी कुछ बसें रोजाना चक्कर मिस कर देंगी तो इसे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
जींद डिपो में बसों की संख्या
जींद डिपो में इस समय लगभग 170 बस हैं जिसमें किलोमीटर स्कीम की 37 बस शामिल हैं। वहीं डिपो में पांच नई एसी बस आई हैं जो फिलहाल चंडीगढ़ व गुरुग्राम रूट पर चल रही हैं।
वर्जन
यात्रियों को किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं होने दी जा रही जिस रूट पर यात्रियों की संख्या ज्यादा होती है वहां बस भेज दी जाती है। बसों की मरम्मत भी समय पर करवाई जा रही है। -राहुल जैन, महाप्रबंधक, जींद डिपो