जींद। बिजली निगम ने 48.31 करोड़ रुपये से शहर की गलियों में नई केबल बिछाने का काम शुरू कर दिया है। इससे गलियों में लटक रही तारों से शहरवासियों को छुटकारा मिलेगा। वहीं लोगों के लिए खतरा बने आड़े-तिरछे पोल भी हटाए जाएंगे। उनकी जगह नए 14290 पोल खड़े किए जाएंगे। इसके अलावा कंडक्टर बदलने और एलटी व एचटी केबल बिछाई जाएंगी।
बिजली निगम ने शहरवासियों को पूरी वॉल्टेज मुहैया करवाने के लिए मास्टर प्लान तैयार किया है। ऐसे में पॉश कॉलोनियों के उपभोक्ताओं को कम वॉल्टेज या बार-बार कट लगने की समस्या से नहीं जूझना पड़ेगा। अब तक लगभग 15 किमी लंबी केबल बिछाई जा चुकी है। आर्मर्ड केबल बिछने से आपूर्ति में सुधार होगा और बिजली कटौती कम होगी।
आर्मर्ड एक प्रकार की केबल होती है जिसे धातु के आवरण (आर्मर) से ढका जाता है। इससे यह बाहरी क्षति से सुरक्षित रहती है और इसके कारण बिजली की गुणवत्ता में भी सुधार होगा। शहर में एलटी केबल 750 किमी और एक किमी एचटी केबल बिछाई जाएगी। वहीं 1320 कंडक्टर बदले जाएंगे। फिलहाल शहर के कैथल रोड, रेलवे रोड, नरवाना रोड, रेलवे रोड, सिटी-1 और चार में आर्मर्ड केबल बिछाने का काम चल रहा है।
सेक्टर-6, 7 और अर्बन एस्टेट का बांटा जाएगा लोड
फिलहाल शहर के अर्बन एस्टेट और सेक्टर-6, 7 में रहने वाले लोगों को बिजली संबंधित परेशानी उठानी पड़ रही है। दिन के अलावा रात में भी लंबे-लंबे कट लगते रहते हैं। कई जगह तो कम वॉल्टेज आने के कारण ज्यादा समस्या पैदा होती है लेकिन अब इस क्षेत्र का लोड बांटा जाएगा। फिलहाल सेक्टर-6, 7 क्षेत्र में सेक्टर-8 से बिजली सप्लाई होती है वहीं अर्बन एस्टेट में बिजली गोहाना रोड स्थित पांडू-पिंडारा सब स्टेशन से आती है। अब अर्बन एस्टेट का लोड बांटा जाएगा। वहीं सेक्टर-8 से सप्लाई परशुराम चौक एरिया तक ही दी जाएगी।
गर्मी के दिनों में आती हैं ज्यादा दिक्कत
निगम के पास गर्मी में बिजली की खपत बढ़ने से तार, ट्रांसफार्मर, कंडक्टर जलने की शिकायतें आती रहती हैं। वहीं फ्यूज उड़ना तो आम बात हो गई है जिससे बिजली बाधित हो जाती है। कई बार तो रात के समय ट्रांसफार्मर और कंडक्टर जलने की घटना हो जाती थी जिससे पूरी रात बिजली गुल रहती थी। अब उपभोक्ताओं को कम वोल्टेज, फ्यूज उड़ने, तार जलने की समस्या नहीं झेलनी पड़ेगी।
वर्जन
शहर में केबल बिछाने और पोल खड़ा करने का काम चल रहा है। इस पर 48.31 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इससे उपभोक्ताओं को पूरी वॉल्टेज और बेहतर बिजली सप्लाई मुहैया होगी।
एमएल सुखीजा, अधीक्षण अभियंता, जींद