सोनीपत। भारतीय किसान पंचायत की मासिक बैठक बुधवार को लघु सचिवालय में रामकवार भठगांव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में किसानों, खेत मजदूरों और आमजन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई। हरियाणा किसान मजदूर संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर किसानों ने उपायुक्त नेहा सिंह को मुख्यमंत्री के नाम मांगपत्र सौंपा।
वजीर सिंह ने कहा कि सरकार आमजन को विभिन्न मुद्दों में उलझाने के बजाय उनकी मूल समस्याओं का समाधान करे। उन्होंने स्कूल, स्वास्थ्य सेवाओं, बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार के मुद्दे उठाए। राजस्व रिकॉर्ड की नकलों की फीस बढ़ाने का विरोध करते हुए उन्होंने कहा कि रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध होने के चलते ऐसी सरल वेबसाइट बनाई जानी चाहिए, जहां लोग दस्तावेज देख सकें और निर्धारित फीस जमा कर सत्यापित प्रति प्राप्त कर सकें।
जगबीर सिंह ने राजस्व रिकॉर्ड हिंदी में रखने की मांग की। उन्होंने कहा कि हिंदी ग्रामीणों के लिए आसानी से समझ आने वाली भाषा है। उन्होंने बुजुर्गों के सम्मान भत्ते और दिव्यांगों के भत्ते से जुड़ी परेशानियों के समाधान की मांग भी की।
गांव गुहणा में चल रहे धरने का किया समर्थन
जाजी से सिवानी जाने वाली बड़ी बिजली लाइन के मुद्दे पर गांव गुहणा में चल रहे धरने का समर्थन किया गया। वक्ताओं ने प्रशासन से धरनारत लोगों से बातचीत कर समस्या का समाधान कराने की मांग की। हरियाणा किसान मजदूर संघर्ष मोर्चा ने 10 सितंबर को पेहवा की अनाज मंडी में होने वाली पंचायत में किसानों, खेत मजदूरों और विभिन्न संगठनों से अधिक संख्या में पहुंचने का आह्वान किया। बैठक में मास्टर नफे सिंह, प्रदीप, कृष्ण, सुखबीर, नफे सिंह ठरू, महेंद्र सिंह, जगबीर सिंह और नरेश समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
किसानों की प्रमुख मांगें
किसानों ने एमएसपी पर पूरी फसल खरीद की गारंटी, किसानों और खेत मजदूरों का पूरा कर्ज माफ करने तथा चीनी मिल की मरम्मत समय पर पूरी कराने की मांग की। मिल दो घंटे से अधिक बंद रहने पर गन्ने से भरी ट्रॉलियों को चैन के पास खाली कराने की व्यवस्था करने की मांग भी उठाई।