जींद। पांच दिन से जिले में गहरी धुंध पड़ रही है, लेकिन अभी तक लोक निर्माण विभाग अपनी ग्रामीण से लेकर स्टेट हाईवे पर तक सफेद पट्टी नहीं बना सका है। सफेद पट्टी नहीं होने की वजह जिले की कुछ सड़कों पर सफर करना बिल्कुल सुरक्षित नहीं है।
सड़कों पर बनाई गई सफेद पट्टी से वाहन चालकों को धुंध में राह चलने में आसानी होती है। कोहरे शुरू होने से पहले जरूरी है कि सभी सड़कों पर सफेद रंग की पट्टी हर हालत में बन जाए। सफेद रंग की पट्टी सड़कों के दोनों किनारों के साथ-साथ बीच में भी बनाई जाती है, ताकि धुंध पड़ने पर वाहन चालक को सड़क नजर आए और वह रॉन्ग साइड पर न जाए। रोड सेफ्टी के नियम कहते हैं कि धुंध के समय सड़कों पर सफेद पट्टी हर हालत में हो, लेकिन जींद में रोड सेफ्टी के इन नियमों का पालन नहीं हो रहा है।
जिले में पड़ रही घनी धुंध
इस बार एकाएक सर्दी शुरू होने के साथ ही जिले में घनी धुंध भी गिर रही है। 5 दिन से लगातार धुंध पड़ रही है। दिन ढलने के बाद धुंध की वजह से सड़कों पर कुछ भी दिखाई नहीं देता है। यह सिलसिला सुबह 9 बजे तक जारी रहता है। धुंध की इस दस्तक से पहले कायदे से सड़कों पर सफेद पट्टी बन जानी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ है। जिले में जींद-हांसी स्टेट हाईवे पर जींद जिले की सीमा में कहीं भी सफेद पट्टी नजर नहीं आती है। यह सड़क वैसे भी जींद के इक्कस गांव से हिसार जिले की सीमा तक बहुत खतरनाक है। सड़क में गहरे गड्ढे बने हुए हैं और सफेद पट्टी गायब है। रामराय गांव के पास जहां लगभग 5 साल पहले सड़क हादसे में 10 लोगों की जान गई थी, वहां भी सड़क अभी भी जस की तस है। इस ब्लैक स्पॉट को लोक निर्माण विभाग ने आज तक भी दूर नहीं किया है।
इसी तरह जींद-सफीदों स्टेट हाईवे पर भी सफेद पट्टी नजर नहीं आती है। जींद-सफीदों स्टेट हाईवे पर सबसे ज्यादा ट्रैफिक है। जींद में सबसे ज्यादा सड़क हादसे इसी स्टेट हाईवे पर होते हैं। इसके बावजूद लोक निर्माण विभाग धुंध से पहले सफीदों रोड पर सफेद पट्टी नहीं बनवा पाया है। इन दिनों पड़ रही धुंध के दौरान जींद-सफीदों और जींद-हांसी स्टेट हाईवे पर सफेद पट्टी नहीं होने से इन दोनों स्टेट हाईवे पर चलने वाले लोगों की जान खतरे में रहती है। दोनों स्टेट हाईवे पर कभी भी कोई बड़ा हो सकता है। इसी तरह की स्थिति जींद जिले के कई ग्रामीण मार्गों की भी है, जिनकी सफेद पट्टी गायब है। जींद-नरवाना नेशनल हाईवे पर भी कुछ पैच ऐसे हैं, जहां सफेद पट्टी नजर नहीं आती।
विभाग की तैयारी से पहले धुंध की दस्तक
जींद जिले में लोक निर्माण विभाग ने धुंध के मद्देनजर स्टेट हाईवे और ग्रामीण सड़कों पर सफेद पट्टी बनाने की तैयारी देरी से शुरू की। विभाग अभी अपनी सड़कों पर सफेद रंग की पट्टी लगवाने की तैयारी ही कर रहा था कि जींद जिले में धुंध ने दस्तक दे दी। लोक निर्माण विभाग के कार्यकारी अभियंता राजकुमार नैन के अनुसार स्टेट हाईवे और ग्रामीण सड़कों पर जहां सफेद पट्टी गायब है, वहां सफेद पट्टी बनाने के लिए टेंडर जारी किए जा रहे हैं। जल्द सड़कों पर सफेद रंग की पट्टी बनवाने का काम शुरू करवाया जाएगा।
हादसा होने पर जिम्मेदार कौन
सड़कों पर सफेद पट्टी नहीं होने के कारण अगर कोई हादसा होता है तो जिम्मेदार कौन होगा? इसका जवाब किसी के पास नहीं है। लोक निर्माण विभाग ने सड़कों पर सफेद रंग की पट्टी बनवाने के टेंडर अब जारी किए हैं। टेंडर के बाद रेट को अंतिम रूप दिया जाएगा। तब कहीं जाकर सड़कों पर सफेद पट्टी बनाने का काम शुरू हो पाएगा। जब तक सड़कों पर सफेद पट्टी बनाई जाएगी तब तक हो सकता है कि इसके अभाव में कोई अनहोनी घटना हो सकती है। इसकी जिम्मेदारी किसकी होगी। रोड सेफ्टी सदस्य सुनील वशिष्ठ ने कहा कि सड़कों पर धुंध से पहले सफेद रंग की पट्टी नहीं बन पाने का मामला रोड सेफ्टी की बैठक में उठाया जाएगा।
धुंध ने लगभग एक महीने पहले ही दस्तक दे दी है। सड़कों पर सफेद पट्टी के लिए एस्टीमेट बनाया जा रहा है। जल्द ही टेंडर अलॉट कर दिए जाएंगे। दिसंबर के पहले सप्ताह तक सड़कों पर सफेद पट्टी बनवा दी जाएगी। वाहन चालकों को परेशानी नहीं आने दी जाएगी। -राजकुमार नैन, कार्यकारी अभियंता, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर।
17जेएनडी03: शहर के सफीदों रोड पर बिना सफेद पट्टी की सड़क से गुजरते वाहन। संवाद
17जेएनडी03: शहर के सफीदों रोड पर बिना सफेद पट्टी की सड़क से गुजरते वाहन। संवाद