20जेएनडी37: खनौरी बॉर्डर पर अनशन पर किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल। स्रोत किसान
नरवाना। खनौरी बॉर्डर के मोर्चे पर 25वें दिन भी किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल का आमरण अनशन जारी रहा। डल्लेवाल ने कहा है कि वे कुर्बानी के रास्ते पर 25 दिनों से चले हुए हैं। इस रास्ते की आखिरी मंजिल एमएसपी गारंटी कानून या मेरी मौत है। मैं अपनी अंतिम सांस तक इस रास्ते पर चलता रहूंगा। वहीं, चिकित्सकों ने कहा है कि जगजीत सिंह डल्लेवाल की स्थिति बहुत गंभीर है। इस वजह से शुक्रवार को उन्होंने किसी से भी मुलाकात नहीं की।
शुक्रवार को डल्लेवाल के आमरण अनशन के समर्थन में खनौरी बॉर्डर पर भी हरियाणा के छह किसान बिजेंद्र माहरा, सुरेंदर सिंह, बलजीत सिंह, बिजेंद्र सिंह, रविंदर सिंह और दलबीर सिंह शुक्रवार दोपहर 12 बजे से शनिवार दोपहर 12 बजे तक 24 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठे हैं। किसान नेताओं ने कहा है कि वीरवार को नाजुक हालत होने के बावजूद किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सुप्रीम कोर्ट की कार्रवाई से जुड़े थे। लेकिन, उन्हें बात रखने का समय नहीं दिया गया। कहा कि डल्लेवाल ने अपनी भावना लिखित तौर पर ईमेल एवं डाक, पोस्ट के माध्यम से सुप्रीम कोर्ट को भेज दी हैं।
डल्लेवाल ने सुप्रीम कोर्ट को लिखी पोस्ट
डल्लेवाल ने अपनी पोस्ट में लिखा है कि एमएसपी गारंटी कानून समेत 13 मांगों को लेकर उनके आंदोलन को 25 दिन हो गए हैं। 2020-21 में 378 दिन तक चले आंदोलन को स्थगित करते समय 9 दिसंबर 2021 को एक चिट्ठी कृषि मंत्रालय ने सौंपी थी। इसमें हर किसान के लिए एमएसपी सुनिश्चित करने, खेती कार्यों को प्रदूषण कानून से बाहर निकालने, लखीमपुरखीरी के घायलों को उचित मुआवजा देने, बिजली बिल को संसद में पेश करने से पहले किसानों से चर्चा करने एवं आंदोलनकारी किसानों पर आंदोलन संबंधी मुकद्दमें वापस लेने समेत कई लिखित वायदे किये गए थे, जो आज तक अधूरे हैं। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट को लिखा है कि वे किसानों की भावनाओं का सम्मान करते हुए केंद्र सरकार को जरूरी दिशा-निर्देश देने की कृपा करें।
20जेएनडी37: खनौरी बॉर्डर पर अनशन पर किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल। स्रोत किसान
20जेएनडी37: खनौरी बॉर्डर पर अनशन पर किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल। स्रोत किसान