बिजली निगम के कर्मचारियों के साथ मारपीट करने, जान से मारने की धमकी देने व सरकारी कार्य में बांधा डालने केे आरोप में पुलिस गांव मलिकपुर के सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस को दी शिकायत में ग्रामीण एसडीओ ओपी मेहता ने कहा था कि चार सितंबर को बिजली निगम की टीम गांव मलिकपुर गई थी। इसी दौरान गांव के साहब सिंह, मेवा सिंह, निशान सिंह, शेर सिंह, शमशेर सिंह, महेंद्र सिंह व कर्ण सिंह ने बिजली कर्मचारियों पर पकड़ लिया और उन पर हमला कर दिया।
इस दौरान आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी। बिजली कर्मचारियों ने इसके बारे में अधिकारियों को अवगत करवाया। पुलिस ने एसडीओ की शिकायत पर सातों आरोपियों पर मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी। उधर, मामले को लेकर गांव मलिकपुर के ग्रामीणों में बिजली निगम के प्रति काफी रोष है। दर्जनों ग्रामीण मंगलवार को स्थानीय एसएचओ व डीएसपी से भी मिले पहुंचे। लेकिन एसएचओ व डीएसपी के कार्यालय में नहीं मिलने के बात उन्होंने एसडीएम से मुकदमा रद्द करवाने की मांग की।
मलिकपुर निवासी राजेंद्र सिंह, गुरुबाज सिंह, शमशेर सिंह, साहब सिंह, विक्रम सिंह, जोगिद्र, गुरदीप सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि एसडीओ की मिलीभगत के कारण लाइनमैन गांव में ड्यूटी पर नहीं आता है। जब उसे ड्यूटी पर आने की बात कही गई तो वह ग्रामीणों गलत तरीके से बात करने लगा। इसी बात पर एसडीओ ने ग्रामीणों के खिलाफ गलत मुकदमा दर्ज करवाया है। पूरे गांव बिजली निगम के कर्मचारियों व अधिकारियों से बहुत परेशान है। बिजली निगम ने पहले तो गांव को जगमग योजना से जोड़कर 24 घंटे बिजली देनेे के दावे किए गए, लेकिन कर्मचारियों की लापरवाही के कारण गांव में आधी बिजली भी नहीं मिल पा रही है।