जींद। मार्च में बढ़ते जा रहे कोरोना संक्रमण के मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने फिर से जांच का दायरा बढ़ाने का निर्णय लिया है। नागरिक अस्पताल में अब सुबह नौ से शाम छह बजे तक कोरोना की जांच के लिए नमूने लिए जाएंगे। इसके अलावा सोमवार से मोबाइल टीमें मैदान में उतरेंगी तथा अलग-अलग स्थानों पर जाकर लोगों के सैंपल लिए जाएंगे।
इस टीम में प्रतिदिन एक चिकित्सक, एक एलटी तथा एक हेल्पर की ड्यूटी रहेगी। स्वास्थ्य विभाग ने शनिवार को इन कर्मचारियों के लिए नया रोस्टर तैयार किया है। काम में लापरवाही करने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं।
बता दें कि जनवरी से कोरोना संक्रमण के मामले लगातार कम हो रहे थे। इसके बाद फरवरी में तो जिले में केवल तीन संक्रमित मामले ही बच गए थे। 20 जनवरी के बाद नागरिक अस्पताल ने मोबाइल टीम बंद कर दी थी। इसके अलावा नागरिक अस्पताल में भी सुबह 11 बजे से शाम चार बजे तक ही कोरोना जांच के लिए सैंपल लिए जाने लगे। फिलहाल प्रतिदिन औसतन 250 सैंपल लिए जा रहे हैं। वहीं अगस्त से दिसंबर तक औसतन प्रतिदिन एक हजार के सैंपल लिए जा रहे थे। अब फिर से कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है। मार्च में अब तक 63 कोरोना संक्रमण के मामले सामने आ चुके हैं। इसे देखते हुए फिर से स्वास्थ्य विभाग ने सैंपलों की संख्या बढ़ाने का निर्णय लिया है। शनिवार को एसएमओ डॉ. गोपाल गोयल, डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला तथा डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. रमेश पांचाल ने मोबाइल टीम और नागरिक अस्पताल में सैंपल की संख्या बढ़ाने के लिए कर्मचारियों का रोस्टर तैयार किया है। यह रोस्टर फिलहाल 31 मार्च तक के लिए तैयार किया गया है। बाद में नया रोस्टर तैयार किया जाएगा।
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अब तक आए संक्रमण के मामले
महीना संक्रमितों की संख्या मौत ठीक हुए
अप्रैल 02 0 2
मई 29 2 27
जून 79 2 75
जुलाई 192 1 189
अगस्त 432 3 430
सितंबर 1371 20 1163
अक्तूबर 890 19 783
नवंबर 1210 24 1148
दिसंबर 845 11 1114
जनवरी 165 2 175
फरवरी 24 0 37
मार्च 63 1 20
कुल 5302 85 5163
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जागरूकता पर भी फोकस
कोराना संक्रमण के मामले बढ़ना चिंता का विषय है। इसको देखते हुए जहां स्वास्थ्य विभाग जांच बढ़ा रहा है, वहीं लोगों को जागरूक करने पर भी फोकस किया जाएगा। लोगों को मास्क पहनने, शारीरिक दूरी रखने में लापरवाही नहीं करनी चाहिए। सार्वजनिक स्थानों पर अनावश्यक रूप से चीजों को छूने से बचें। हाथ साबुन या सैनिटाइजर से साफ करते रहें। अभी कोरोना का खतरा टला नहीं है।
- डॉ. राजेश भोला, डिप्टी एमएस, नागरकि अस्पताल जींद।
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संक्रमण के मामले कम होने के कारण 20 जनवरी के बाद मोबाइल टीम बंद कर दी गई थी। अस्पताल में भी कम ही सैंपल लिए जा रहे थे। अब फिर से कोरोना संक्रमण बढ़ने लगा है। इसलिए सोमवार से मोबाइल टीमें फिर काम करना शुरू करेंगी। अस्पताल में भी सैंपलिंग बढ़ाई जाएगी। इसके लिए चिकित्सकों व अन्य कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला को इन टीमों का ओवरऑल इंचार्ज बनाया गया है।
- डॉ. गोपाल गोयल, एसएमओ।