जींद। धान के अवशेष जलाने पर मंगलवार को तीन किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई है। इसके अलावा पांच किसानों को गिरफ्तार किया है। जिले में धान के अवशेष जलाने पर अब तक 106 किसानों पर मामले दर्ज हो चुके हैं, तो वहीं 36 किसानों की गिरफ्तार भी हो चुकी है। लगातार जल रहे धान के अवशेष के कारण जिले में एक्यूआई का स्तर बुधवार को भी 407 रहा।
धान के अवशेष जलाने से रोकने के लिए जिला प्रशासन ने किसानों को जागरूकता से लेकर एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तार करने तक की कार्रवाई की है। इसके बावजूद भी किसान धान के अवशेष जलाने से नहीं रुक रहे। किसानों को जागरूक करने के लिए उचाना एसडीएम डॉ. किरण सिंह खुद भी खेतों में उतरी हुई हैं। पिछले दो दिन से एसडीएम खेतों में जाकर किसानों को धान के अवशेष जलाने से होने वाले नुकसान और धान अवशेष का प्रबंधन करने से होने वाले लाभ की जानकारी दे रही हैं। इन किसानों पर कृषि विभाग ने लगभग ढाई लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है।