21जेएनडी01-बिरौली गांव में एक घर में रखे ड्रम में जांच करते हुए स्वास्थ्यकर्मी। स्रोत स्वास्थ्य
जींद। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र किनाना के अंतर्गत बिरौली गांव में स्वास्थ्यकर्मी जितेंद्र सैनी और आशा वर्करों ने गांव में घर-घर जाकर बुखार के मरीजों की रक्त पट्टिकाएं बनाई और दवाई दी। स्वास्थ्यकर्मी जितेंद्र सैनी ने कहा कि मलेरिया जानलेवा हो सकता है।
सर्दी और कंपन के साथ तेज बुखार आना, सिर दर्द और उल्टियां आना, एक दिन छोड़कर बुखार आना मलेरिया हो सकता है। घरों के आस-पास जमा गंदे पानी के गड्ढे को मिट्टी से भर दें। यदि संभव हो तो मिट्टी का तेल डाल दें। इसके अतिरिक्त बच्चों को पूरी बाजू के कपड़े पहनाएं। घर के दरवाजों में खिड़कियों पर जाली का इस्तेमाल करना चाहिए। मच्छरों से बचने के लिए ऑल आउट या फिर कोई भी मच्छर भगाने वाली केमिकल का उपयोग करें।