कांग्रेस के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी रणदीप सुरजेवाला बुधवार को शहीद कैप्टन पवन कुमार को श्रद्धांजलि देने उनके अर्बन एस्टेट स्थित निवास पर पहुंचे। यहां सुरजेवाला ने केंद्र की मोदी सरकार की विदेश और रक्षा नीति पर सवाल उठाते हुए इसमें स्पष्टता की कमी बताई। सुरजेवाला ने कहा कि इसके चलते देश में हर रोज कहीं न कहीं आतंकी हमले हो रहे हैं और जवानों की जान जा रही है।
मीडिया से बातचीत करते हुए सुरजेवाला ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शाल और साड़ी की पालिसी में सिमट कर रह गए हैं। वहीं पिछले डेढ़ साल में आतंकवादियों ने तीन बड़े हमले किए। इस दौरान प्रधानमंत्री चुप रहे। सुरजेवाला ने कहा कि चुनाव से पहले नरेंद्र मोदी 56 इंच का सीना है और पाकिस्तान भारत की तरफ आंख भी उठा कर नहीं देख सकता है जैसी बातें करते थे।
इसके विपरीत पिछले डेढ़ साल में आतंकियों ने भारत में तीन बड़े हमले किए हैं। सुरजेवाला ने कहा कि प्रधानमंत्री बनने से पहले नरेंद्र मोदी भारत में पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद पर सीधे हमले की बात करते थे, लेकिन प्रधानमंत्री बनने के बाद वे नरेंद्र मोदी देश की जनता को नजर ही नहीं आ रहे हैं। इस मौके पर विरेंद्र जागलान, महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष रीतू लाठर भी मौजूद रही।
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पाकिस्तान में खुले घुम रहे हैं आतंकी
सुरजेवाला ने कहा कि पाकिस्तान आतंक को सरकारी संरक्षण मिला हुआ है। भारत सरकार इस पर दबाव नहीं बना पा रही है। इसके चलते दाउद इब्राहिम, मौलाना मसूद अजहर और लखवी जैसे आतंकी खुले घूम रहे हैं।
तीसरे देश में वार्ता पर सवाल
कांग्रेस के मीडिया प्रभारी ने पाकिस्तान और भारत के अधिकारियों के बीच तीसरे देश में हुई वार्ता को भी गलत बताया। उन्होंने कहा कि यह नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि रक्षा मंत्री मनोहर पारिकर पाकिस्तान को लेकर कुछ बोलते हैं तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्टैंड कुछ और होता है। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज का पाकिस्तान को लेकर अलग स्टैंड है। इसका खामियाजा भारत देश इसके सैनिक और दूसरे सुरक्षा बलों के जवान और आम जनता भुगत रही है। अब तक तीन दर्जन सेना के अधिकारी और जवान अपनी जान गंवा चुके हैं।
प्रदेश मेें हिंसा के लिए सरकार जिम्मेदार
सुरजेवाला ने कहा कि प्रदेश में हाल ही में हुए जाट आरक्षण आंदोलन और आंदोलन के दौरान प्रदेश में अराजकता के हालात के लिए प्रदेश सरकार जिम्मेदार है। भाजपा हरियाणा में बांटो और राज करो की नीति पर चल रही है, जो प्रदेश के लिए बेहद खतरनाक है। भाजपा की सरकार और भाजपा पार्टी को अपनी इस तरह की विनाशकारी नीतियों से बाज आकर प्रदेश में शांति और सद्भाव का माहौल कायम करना चाहिए।
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान प्रदेश में जान और माल की भारी हानि हुई है। जान के नुकसान की भरपाई असंभव है, लेकिन प्रदेश की मनोहर लाल सरकार को लोगों के माल के नुकसान की भरपाई तुरंत करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इन दिनों प्रदेश के सामाजिक भाईचारे के माहौल को जो नुकसान पहुंचा है, उसकी भरपाई उतनी आसान नहीं है।