बहादुरगढ़। चोरी के शक में एक युवक के साथ अमानवीय व्यवहार करने के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों को न्यायालय ने एक दिन के रिमांड पर पुलिस को सौंपा है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है। मामले में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी भी जल्द होने का दावा किया गया है।
डाबौदा खुर्द निवासी मंगलदास ने पुलिस को शिकायत दी थी कि टांडाहेड़ी गांव में कुछ युवकों ने उसे बांधकर लाठी-डंडों से बेरहमीपूर्वक पीटा। इतना ही नहीं कुएं में लटकाकर उसे डुबोया भी गया। युवक ने आरोपियों से बार-बार न पीटने की गुहार लगाई। लेकिन वे उस पर निर्ममता से अत्याचार करते रहे। इस घटनाक्रम की वीडियो वायरल हुई तो पुलिस ने भी गंभीरता दिखाई। पीड़ित पक्ष की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट, जान से मारने का प्रयास करने व धमकी देने सहित अन्य धाराओं के तहत कई के खिलाफ केस दर्ज किया गया। शनिवार को वारदात के तीन आरोपियों अजीत व बसंत निवासी छारा और समुद्र निवासी टांडाहेड़ी को गिरफ्तार कर लिया। तीनों को न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उन्हें एक दिन के रिमांड पर पुलिस को सौंपा गया है।
यह था मामला
घटनाक्रम बहादुरगढ़ के गांव टांडाहेड़ी में गत 11 मार्च को हुआ था। टांडाहेड़ी के एक मंदिर में युवक को चोरी के शक में पकड़ा गया था। इसके बाद उसे यातनाएं दी गई थी। उसने चोरी की या नहीं की, ये तो अभी स्पष्ट नहीं है। लेकिन उसके साथ जो कुछ हुआ, वो सबके सामने आ गया था। बताया जा रहा है कि युवक गत 11 मार्च को बहादुरगढ़ में रह रही अपनी बहन के पास डाबोदा, टांडाहेड़ी के रास्ते जा रहा था। टांडाहेड़ी में उसके साथ वारदात हो गई थी। उसके साथ किए गए अमानवीय व्यवहार की वीडियो शुक्रवार को वायरल हो गई थी। इस पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और कार्रवाई शुरू की। पुलिस आयुक्त झज्जर बी सतीश बालन के नेतृत्व व पुलिस उपायुक्त बहादुरगढ़ मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में मामले की जांच की गई। प्राथमिक पूछताछ में आरोपियों ने उक्त मामले का खुलासा किया। अभी इस मामले में कई अन्य आरोपी फरार है। सहायक पुलिस उपायुक्त ने दावा किया कि जल्द ही मामले के अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।