झज्जर। एनजीटी के आदेशों की अवहेलना करना ईंट-भट्ठों को महंगी पड़ सकती है। एनजीटी के आगामी आदेशों तक ईंट भट्ठों के संचालन पर प्रतिबंद रहेगा। अगले सीजन में ईंट भट्ठा संचालक अपने भट्ठों को नहीं चला पाएंगे। अगर भट्ठे चलाए गए तो खाद्य एवं आपूर्ति विभाग इनके खिलाफ मामला दर्ज कराएगा। विभाग ने से ईंट भट्ठा संचालकों को एक बार फिर से पत्र जारी कर दिया है। हालांकि इस मामले को लेकर कोर्ट में कस चल रहा है। जिसकी सुनवाई 6 अक्टूबर को होनी है। उस समय तक भट्ठा संचालन पर प्रतिबंध रहेगा। जब तक कोर्ट के आदेश नहीं आएंगे उस समय तक भट्ठों का संचालन नहीं हो पाएगा।
- जिले में हैं 367 ईंट भट्ठे
जिले में अधिकांश ईंट भट्ठों को जिग-जैग सिस्टम में बदला जा चका है। प्रदेश में ईंट भट्ठों को लेकर भट्ठा किंग के नाम से पहचान रखने वाले झज्जर जिले में फिलहाल 367 ईंट भट्ठे हैं। जो एनसीआर क्षेत्र में ईंटों की पूर्ति करते हैं। फिलहाल मानसून का सीजन लगभग खत्म हो चुका है। ईंट भट्ठों पर काम करने वाली लेबर भी धीरे-धीरे भट्ठों पर लौटने लगी है। ईंटों की पथाई का कार्य शुरू होने से पहले ही विभाग की तरफ से एनजीटी के आदेशों का हवाला देते पत्र जारी कर दिया है। खाद्य आपूर्ति विभाग के अधिकारियों का कहना है पर्यावरण को सुरक्षित रखने के लिए एनजीटी के आदेशों का पालन करना होगा। किसी भी भट्ठा संचालक ने नियमों की अवहेलना की तो विभाग की ओर से कार्रवाई की जाएगी।
ईंट भट्ठों की दशा बहुत ही दयनीय है। केस की तारिख जोकि 15 सितंबर थी, अब उसकी जगह हमारे केस की सुनवाई 6 अक्टूबर को होगी। सभी लोग धेर्य से काम लें।अभी अपने भट्ठे पर किसी भी प्रकार का कोई भी कार्य न करें। भट्ठों के उज्ज्वल भविष्य के लिए हमारे एनसीआर के प्रधान सुरेंद्र चौहान और हरियाणा एसोसिएशन के प्रधान अजीत यादव इस केस पर पूरी मेहनत व ईमानदारी से काम कर रहे हैं ।
- प्रधान विनोद गुलिया, झज्जर।
एनजीटी के आदेशों के बाद विभाग की ओर से ईंट भट्ठा संचालकों को पत्र जारी कर दिया है। क्षेत्र में किसी भी ईंट भट्ठा संचालक ने नियमों के विरुद्ध भट्ठे चलाए तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। भट्ठा संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया जाएगा।
- जेपी सैनी, निरीक्षक, खाद्य आपूर्ति विभाग, झज्जर।