ऐता गांव जहां हाथी ने नष्ट की हैं फसलें।
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दो दिन पहले बेरी क्षेत्र में हुई आंधी तूफान से गांव डीघल में कई एकड़ धान की फसल की बर्बाद हो गई है। किसानों को कहना है कि पिछले दो महीने पहले हुई बरसात से तो धान की फसल में पानी भरा हुआ था और दो दिन पहले आई आंधी व बारिश से धान की फसल बिछ गई है। किसान संतराम ने बताया कि धान की फसल की लगाई थी और पिछले दिनों हुई बारिश से पानी भर गया था और आंधी व बारिश आने से धान की सारी फसल बिछ गई थी जिससे लागत भी पूरी नहीं निकल पाई थी। महिला बिरमती ने बताया कि 3 एकड़ धान की फसल की बुआई की थी और कुछ पहले सरकार धान के रेट की कम देती है और फिर फसल बर्बाद होने से दोहरी मार किसान को लगती है। किसान हरबीर सिंह ने बताया कि आंधी आने से धान की सारी फसल बिछ गई है और 4 एकड़ धान की फसल की बुआई की थी। प्रशासन से फसल की स्पेशल गिरदावरी करवाने की मांग के साथ ही उचित मुआवजा दिया जाए। किसान अशोक का कहना है कि पिछले दिनों हुई बारिश से धान की फसल डूब गई थी और अब दो दिन पहले आई आंधी से सारी फसल बिछ गई है। पूर्व सैनिक जगत सिंह ने बताया कि एक तो किसानों तो भाव की मार और दूसरी और कुदरत की मार से धान की फसल बर्बाद हो गई और गांव में जिला प्रशासन द्वारा स्पेशल गिरदावरी कराने की मांग की है।