झज्जर। सिविल अस्पताल के शवगृह के बाहर बिना अनुमति के पूरा दिन एंबुलेंस खड़े रहने के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने संज्ञान लिया है। मंगलवार को अस्पताल प्रशासन ने एंबुलेंस को हटवा दिया। निजी एंबुलेंस संचालकों के अलावा एक ईएमटी को भी नोटिस जारी कर एंबुलेंस खड़ा करने पर जवाब मांगा गया है।
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स्वास्थ्य विभाग की तरफ से शहर थाना पुलिस को भी इसकी एक कॉपी भेजकर अस्पताल परिसर में अनाधिकृत तरीके से एंबुलेंस खड़ा किए जाने पर कार्रवाई करने की मांग की है।
यहां बता दें कि अमर उजाला ने अपने एक फरवरी के अंक में सिविल अस्पताल में पूरे दिन खड़ी रहती हैं निजी एंबुलेंस शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। समाचार प्रकाशित होने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने इस पर संज्ञान लिया है और निजी एंबुलेंस संचालकों के अलावा एक ईएमटी को भी नोटिस जारी किया गया है।
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उप सिविल सर्जन की तरफ से एंबुलेंस संचालक संजय व प्रमोद को नोटिस जारी किया गया है। वहीं दूसरा नोटिस ईएमटी कुलदीप को जारी किया गया है। इसमें लिखा गया है कि उनके संज्ञान में आया है कि आपकी तरफ से प्राइवेट एंबुलेंस का संचालन किया जा रहा है जबकि आप ईएमटी के पद पर कार्यरत हैं।
आप किस अधिकार से अस्पताल परिसर में निजी एंबुलेंस को खड़ा किया गया है। इसका तीन दिन में स्पष्टीकरण देते हुए एंबुलेंस की आरसी उपलब्ध करवाई जाए वरना एकतरफा विभागीय कार्रवाई की जाएगी।