पूर्व बिजली मंत्री कैप्टन अजय यादव शुक्रवार को छावनी मोहल्ला में उपद्रव में हुए जानमाल का जायजा लेने पहुंचे। लोगों से हाल जाना तो वे प्रशासन के खिलाफ भड़क उठे। लोगों ने कहा कि एक अधिकारी उपद्रव की सूचना के बाद सेना के जवानों को ढाई घंटे गुमराह कर दूसरी तरफ घुमाते रहे। ढाई घंटे तक लूटपाट, तोड़फोड़ चली। उन्हों मांग की कि एसपी, एडीसी व अन्य अधिकारियों का तुरंत तबादला हो। कैप्टन ने मौके पर सीएम मनेाहर लाल से फोन पर बात की। उन्होंने कहा कि जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए जाएं।
पत्रकारों से बातचीत में कैप्टन यादव ने कहा कि पूरे प्रदेश में हुई हिंसा की जांच हाईकोर्ट के सिटिंग जज से करवानी चाहिए। तभी सच्चाई सामने आ सकेगी। उन्होंने सीबीआई पर ही सवाल खड़े करते हुए कि सीबीआई सेंटर से सम्मिलित होती है। सीबीआई जांच में कुछ नही होने वाला। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण में जो सत्ता पक्ष के नेता व विपक्ष के नेता शामिल हैं, उनकी भूमिका की पूरी बारीकी से जांच करानी चाहिए। जो भी अधिकारी व नेता इस में शामिल पाए जाए, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। वहीं उन्होंने प्रोफेसर विरेन्द्र के ऑडियो पर बोलते हुए कहा कि पार्टी ने उसे नोटिस दे दिया है। जब भी सरकार ये कह देगी कि ऑडियो के साथ कोई छेड़छाड़ नही हुई है, उसी दिन प्रोफेसर विरेंद्र को पार्टी से निकाल दिया जाएगा।
सिपाही से एसपी तक जो होगा जिम्मेदार, करेंगे कुर्की : कांबोज
झज्जर। उपद्रव में बिगड़ी शहर की हालत का जायजा लेने के लिए शुक्रवार की शाम भाजपा के दो मंत्री एवं कई विधायक यहां पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवारों का हाल-चाल जाना और जानमाल के नुकसान पर सांत्वना प्रकट की। साथ ही साथ न्याय का भरोसा दिलाते हुए कहा कि सिपाही से एसपी और क्लर्क से डीसी तक जो भी दोषी पाया गया, नुकसान की भरपाई के लिए उनकी जमीन व संपत्ति की कुर्की होगी।
झज्जर पहुंचने वाले मंत्रियों में नायब सैनी, कर्णदेव कंबोज के अलावा विधायक नरेश कौशिक, सुभाष सुधा, उमेश अग्रवाल शामिल रहे। उन्होंने झज्जर के पीड़ितों को न्याय दिलाने व उचित मुआवजा देने का आश्वासन दिया। कर्ण देव कांबोज ने कहा सता पक्ष हो या विपक्ष के नेता जो भी दोषी पाया गया, उस पर कार्रवाई होगी, उनकी जमीन कुर्क की जायेगी। इसके साथ उपद्रवियों की भी जमीन कुर्क की जायेगी। बाद सभी विधायकों व मंत्रियों ने जिला सचिवालय में जिला अधिकारियों की बैठक भी ली। उन पर जहां फटकार लगाई व उन्हें जल्द से जल्द दोषियों की पहचान करने के निर्देश दिए। देर शाम तक बैठक जारी रही।