बाढ़सा में राष्ट्रीय कैंसर अनुसंधान संस्थान के भूमि पूजन समारोह में सांसद दीपेंद्र को बुला उनका निमंत्रण कैंसल करने जैसा हाईप्रोफाइल ड्रामा शनिवार को बहादुरगढ़ में हुआ।
यहां जिस सामुदायिक केंद्र के प्रथम तल का शिलान्यास करने के लिए सांसद दीपेंद्र का कार्यक्रम सप्ताह भर पहले ही तय था, उसका शिलान्यास भारतीय जनता पार्टी के स्थानीय विधायक नरेश कौशिक ने आनन फानन में एक दिन पहले ही शनिवार को भारी पुलिस सुरक्षा में हुए समारोह में कर दिया।
इससे कांग्रेसियों में रोष फैल गया। कांग्रेस के सांसद दीपेंद्र भी इस सिलसिले में रविवार को अपनी पूर्व निर्धारित सभा में आ सकते हैं।
सांसद के लिए थी बड़ी तैयारी
ाहर के वार्ड-30 से पूर्व नगर पार्षद नीना राठी-सतपाल राठी ने सैनिक नगर स्थित सामुदायिक केंद्र के प्रथम तल के शिलान्यास के लिए सांसद दीपेंद्र हुड्डा को आमंत्रित किया था।
सांसद का कार्यक्रम 20 दिसंबर रविवार को प्रस्तावित था। बताया जा रहा है कि सांसद इस प्रथम तल के निर्माण के लिए अपनी सांसद निधि से 15 लाख रुपये अनुदान की घोषणा भी करते।
इसके लिए इलाके के कांग्रेस नेता सतपाल राठी ने कई दिन से भारी तैयारियां की थीं। उन्होंने अपने वार्ड में और शहर में खूब प्रचार कराया था। कार्यक्रम के दर्जनों होर्डिंग व फ्लैक्स लगवाए थे।
लेकिन भाजपा के स्थानीय विधायक नरेश कौशिक ने पुलिस-प्रशासन की मदद से अपने समर्थकों की मौजूदगी में एक दिन पहले ही उक्त केंद्र में शिलान्यास कर दिया।
भारी पुलिस बल रहा तैनात
विधायक के इस कार्यक्रम को निर्विघ्न संपन्न कराने के लिए पुलिस ने जबरस्त सुरक्षा इंतजाम किए थे। बहादुरगढ़ के उप पुलिस अधीक्षक सुरेश व झज्जर के उप पुलिस अधीक्षक की अगुवाई में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था।
झज्जर व सोनीपत से भी पुलिस बुलाई गई थी। तीन थानों के प्रभारी कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सैनिक नगर व आसपास के इलाकों में लगातार गश्त कर रहे थे।
सीआईडी के कर्मचारी भी अपने अधिकारियों को लगातार स्थिति से अवगत कराते रहे। गो उपचार केंद्र के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद दोपहर बाद विधायक कौशिक सामुदायिक भवन के प्रथम तल के शिलान्यास के लिए पहुंचे तो पुलिस चौकस हो गई। विधायक ने पहले शिलान्यास की रस्म पूरी की और फिर सामुदायिक केंद्र में सभा को संबोधित किया।
आनन फानन में की गई तैयारी
सामुदायिक केंद्र को बनवाने आदि की जिम्मेवारी नगर परिषद की होती है। इसलिए नगर परिषद को ही शिलान्यास समारोह कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
परिषद के प्रशासक एवं एसडीएम अमरदीप जैन और अन्य अधिकारी घनी सुबह ही कार्यक्रम की तैयारी में जुट गए। आनन फानन में उद्घाटन का पत्थर बनवा दिया गया।
लेकिन इस भवन का उद्घाटन पहले भी दो बार हो चुका है और सांसद दीपेंद्र को भवन के प्रथम तल के शिलान्यास के लिए आना था।
इसलिए आनन फानन में मौके पर ही पेंटर बुला पत्थर पर शिलान्यास संबंधी जानकारी लिखवाई गई। जो सैकड़ों कुर्सियां कांग्रेस सांसद दीपेंद्र के कार्यक्रम के लिए आई थीं, उन्हें ही भाजपा विधायक के कार्यक्रम में इस्तेमाल करना पड़ा।
कांग्रेसियों में फैल गया रोष
सत्ता पक्ष की इस कार्रवाई से कांग्रेसियों में रोष फैल गया। उन्होंने सत्ता पक्ष की इस कार्रवाई के विरोध के लिए मौके पर इकट्ठे होने की योजना भी बनाई।
सतपाल राठी के निवास पर काफी संख्या में उनके समर्थक इकट्ठे हुए। लोगों को कांग्रेस के झंडे भी बांटे गए। लेकिन भारी पुलिस बल की मौजूदगी के कारण कांग्रेसी प्रदर्शन जैसा कुछ नहीं कर पाए।
इस बीच बताया यह भी गया है कि सांसद दीपेंद्र को जब इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने एसडीएम अमरदीप जैन से बातचीत कर उन्होंने चेताया भी।
रविवार को आएंगे सांसद दीपेंद्र
उधर, कांग्रेस के पूर्व विधायक राजेंद्र जून और सांसद के कार्यक्रम के आयोजक सतपाल राठी ने सत्ता पक्ष की इस कार्रवाई की निंदा की है। उन्होंने कहा है कि शिलान्यास की रस्म रविवार को सांसद द्वारा की जानी थी।
अब रविवार को सांसद की सभा जरूर होगी और भाजपाइयों को खरी-खरी सुनाई जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि सांसद सामुदायिक केंद्र का शिलान्यास नहीं करेंगे और इसके लिए अनुदान भी नहीं देंगे।
अब इसके निर्माण की जिम्मेदारी भाजपा विधायक नरेश कौशिक व सत्ता पर आ गई है।