जिले के किसानों को अब खाद के लिए परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। क्योंकि अब यूरिया व डीएपी खाद किसानों को समय पर उपलब्ध हो जाएगा। किसानों की सुविधा के लिए झज्जर रेलवे स्टेशन पर खाद उतारने के लिए रेल हेड बना दिया गया है। करीब 30 हजार बैग से भरी मालगाड़ी शनिवार को यूरिया खाद लेकर झज्जर के रेलवे स्टेशन पर पहुंची। जहां से झज्जर जिले के खाद विक्रेताओं के पास खाद का वितरण शुरू कर दिया गया है। हालांकि इससे पहले जिले में खाद विक्रेताओं के पास करीब 30 हजार बैग यूरिया का स्टॉक मौजूद है। जबकि डीएपी की उपलब्धता को देखा जाए तो जिला में करीब 1100 एमटी डीएपी मौजूद है। झज्जर रेल हेड पर उत्तम यूरिया के एरिया मैनेजर आरके आडवाणी ने रैंक का शुभारंभ किया और गाड़ियों को डीलरों की दुकानों के लिए रवाना किया।
5 से 6 लाख बैग यूरिया की है जिले में खपत
कृषि विभाग के आंकड़ों के मुताबिक जिले में गेहूं व सरसों के सीजन में करीब 5 से 6 लाख बैग यूरिया की खपत होती है और करीब दो लाख बैग डीएपी की खपत होती है। जिले में यूरिया व डीएपी की आवक शुरू हो चुकी है और किसानों ने भी फसल को लेकर तैयारी करें शुरू कर दी है। सरसों की बिजाई लगभग पूरी हो चुकी है और गेहूं की बिजाई अब शुरू हो रही है। झज्जर जिला में खाद की आपूर्ति के लिए रोहतक रेल हेड से खाद का वितरण किया जाता था। जिससे गाड़ियां आने में भी समय लगता था और अब झज्जर में रेल हेड बनने से किसानों को समय पर खाद की उपलब्धता होगी। क्योंकि जब भी खाद रहेगा तो सबसे पहले जिले की खपत के हिसाब से खाद की उपलब्धता कराई जाएगी।
पहले डीएपी की होती है बुवाई
जिले में कृषि विभाग के आंकड़ों के अनुसार गेहूं की बिजाई से पूर्व डीएपी खाद की बुवाई की जाती है और उसके बाद गेहूं की बिजाई की जाती है। इसलिए फिलहाल किसानों को सबसे ज्यादा आवश्यकता डीएपी खाद की होगी। जिले में फिलहाल तक करीब 22 हजार बैग डीएपी उपलब्ध है।
चार जिलों में होगी झज्जर से खाद की सप्लाई
झज्जर के रेल हेड से उत्तम यूरिया के एरिया मैनेजर के अनुसार झज्जर के अलावा चरखी दादरी, रेवाड़ी व गुरुग्राम जिले को भी खाद की आपूर्ति झज्जर से की जाएगी। इससे पहले रोहतक से खाद की आपूर्ति की जाती थी। फिलहाल यह खाद केवल झज्जर जिले के लिए आया हुआ है।
वर्जन
झज्जर जिले के लिए रोहतक में भी हैफेड के गोदाम में खाद रखा है और अब झज्जर में भी खाद आने लगा है इससे किसानों को काफी फायदा होगा।
-बालमुकुंद शर्मा, क्यूसीआई, झज्जर।
वर्जन
सबसे पहले झज्जर जिले के किसानों की डिमांड को पूरा किया जाएगा। उसके बाद दूसरे जिलों में खाद्य आपूर्ति की जाएगी ।
-आरके आडवाणी, एरिया मैनेजर, उत्तम यूरिया।