अनाज मंडी बेरी में पिछले 6 दिनों से एफसीआई की ओर से पीआर धान की खरीद न होने से किसान व आढ़ती परेशान हैं। खरीद होने से धान की फसल को लेकर पहुंचे किसानों को इधर-उधर भटकना पड़ता है। खरीदने होने से मंडी में ट्रैक्टरों की लंबी लाइन लगने के कारण जाम की स्थिति बनी रहती है। किसानों को मंडी में धान उतारने के लिए जगह नहीं मिल रही। इस समस्या से न केवल किसान, बल्कि आढ़ती, मजदूर, व्यापारी व प्रशासन भी परेशान है।
किसान कर्मवीर, सुरेश, काला, राजेंद्र, सुरेंद्र, नरेश आदि किसानों का कहना है कि पिछले 6 दिनों से मंडी में पीआर धान की खरीद नहीं हो रही है जिससे परेशानी का सामना करना पड़ता है। मंडी में धान लेकर पहुंचते हैं तो पिछले छह दिनों से हर रोज यही जवाब मिलता है कि आज पीआर धान की खरीद नहीं होगी। आढ़तियों का कहना है कि एफसीआई की ओर से खरीद न होने पर किसानों का माल उतरवाने में उन्हें काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।
27 अक्तूबर को हुई अंतिम खरीद
बता दें कि मंडी में पीआर धान की खरीद एफसीआई द्वारा की जा रही है। बेरी मंडी में अंतिम खरीद 27 अक्तूबर को हुई थी। उसके बाद खरीद ना होने से किसान व आढ़तियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किसानों में भी भारी रोष है।
जल्द शुरू कराई जाए पीआर की खरीद : तेजबीर
अनाज मंडी एसोसिएशन के प्रधान तेजबीर बाघपुर ने बताया कि मंडी में पिछले छह दिनों से पीआर की खरीद नहीं हो रही है जिससे किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। जिला प्रशासन से मांग करते हैं कि जल्द से जल्द मंडी में पीआर धान की खरीद शुरू कराई जाए। जिससे मंडी में व्यवस्था सुचारु रूप से बनी रहे। किसानों व आढ़तियों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
बेरी मंडी में पीआर धान की खरीद एफसीआई द्वारा की जा रही है। एफसीआई के खरीदार के पास दो मंडियां हैं। जिसमें बेरी व मातनहेल है। बेरी मंडी में 27 अक्तूबर को अंतिम खरीद हुई थी। यह सही बात है कि खरीदार के पास दो मंडियां होने के कारण समस्या आ रही है। मंगलवार को मंडी में पीआर धान की खरीद शुरू हो जाएगी। मंडी में अभी तक 21 हजार क्विंटल धान की खरीद हो चुकी है। 16 हजार क्विंटल का उठान हो चुका है।
- श्रीभगवान, मार्केट कमेटी सचिव, बेरी।