जापान के टोक्यो में होने वाले ओलंपिक-2021 में बहादुरगढ़ का राहुल रोहिल्ला देश के लिए मेडल जीतने के लिए अपनी चाल दिखाएगा। राहुल ने रांची में चल रही नेशनल पैदल चाल चैंपियनशिप में रजत पदक जीतकर ओलंपिक के लिए क्वालिफाई किया है। शनिवार को इसकी खबर मिलते ही शहरवासियों में खुशी की लहर दौड़ गई।
बहादुरगढ़ की इंदिरा मार्केट निवासी राहुल रोहिल्ला झारखंड के रांची में शनिवार 13 फरवरी से शुरू हुई 8वीं नेशनल वॉकिंग चैंपियनशिप में भाग लिया। उसने 20 किलोमीटर पैदल चाल स्पर्धा में पहले ही दिन रजत पदक जीतकर हरियाणा का नाम रोशन किया है। इससे उसका टोक्यो में होने वाले ओलंपिक-2021 में चयन हो गया है। राहुल ने अमर उजाला को रांची से फोन पर बताया कि उन्होंने 20 किलोमीटर की दूरी एक घंटा, 20 मिनट, 26 सेकंड में पूरी की। जबकि भिवानी के संदीप ने यह दूरी एक घंटा, 20 मिनट, 16 सेकंड में तय की। संदीप को भी टोक्यो ओलंपिक के लिए चुना गया है।
भारतीय सेना में सिपाही राहुल रोहिल्ला 2013 से की कड़ी मेहनत के बल पर पैदल चाल में सफलता हासिल कर रहा है। राहुल की इस खेल में रुचि अपने ताऊ के बेटे आशु और आशीष को देखकर जागी। आशु व आशीष भी पैदल चाल के अच्छे खिलाड़ी हैं। आशीष सब जूनियर में रिकॉर्ड बना चुका है।
राहुल की इस कामयाबी से न केवल परिवार के लोग, बल्कि बहादुरगढ़ के लोगों भी बेहद खुश हैं। 20 किलोमीटर पैदल चाल में उसके द्वारा बनाए रिकॉर्ड के आधार पर उसका चयन टोक्यो ओलंपिक के लिए हुआ है। राहुल ने अपनी इस कामयाबी का श्रेय अपने माता-पिता, दोस्तों व भीम अवॉर्डी रहे अपने कोच चरण सिंह राठी को दिया है। चरण राठी ने कहा कि उनका प्रिय शिष्य राहुल शुरू से ही कड़ा मेहनती रहा है। उन्हें भरोसा है कि राहुुल ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतकर लाएगा। राहुल के पिता रोहतास इलेक्ट्रीशियन का काम करते हैं। वह और उनके परिजन राहुल की सफलता से फूले नहीं समा रहे। राहुल इससे पहले 2019 में हुई नेशनल ओपन चैंपियनशिप में भी स्वर्ण पदक अपने नाम कर चुका है। वह दो छोटी बहनों का इकलौता भाई है। टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाले खिलाड़ी राहुल रोहिल्ला ने कहा कि उनका पूरा प्रयास ओलंपिक में पदक जीतकर देश व क्षेत्र का नाम रोशन करना रहेगा।