सीनियर आईएएस अशोक खेमका के खिलाफ एक गुमनाम शिकायत पर उनके टेलीफोन प्रयोग करने की जांच शुरू की गई है।
यह जांच खेमका के हरियाणा वेयर हाउसिंग कारपोरेशन के एमडी कार्यकाल से संबंधित है। हरियाणा के कृषि विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव रोशन लाल सैनी के पास पिछले सप्ताह एक गुमनाम शिकायत पहुंची थी।
शिकायतकर्ता ने खुद को वेयर हाउसिंग का पुराना कर्मचारी बताया लेकिन अपना नाम नहीं लिखा। शिकायत में आरोप लगाया है कि खेमका के एमडी पद पर रहते हुए टेलीफोन बिल का खर्च ज्यादा हुआ था।
सैनी ने इस शिकायत पर वेयर हाउसिंग कारपोरेशन के एमडी रमेश कृष्ण से रिपोर्ट मांगी है। अब कारपोरेशन में टेलीफोन बिलों के पुराने रिकार्ड खंगाले जा रहे हैं।
खेमका ने की है फोन के अधिक प्रयोग की शिकायत
खास बात यह भी है कि खेमका ने भी मुख्य सचिव को शिकायत कर रखी है कि सैनी ने हरियाणा बीज विकास निगम का फोन प्रयोग किया था।
खेमका का आरोप है कि सैनी ने दो फोन का प्रयोग किया था जबकि वे एक ही फोन का प्रयोग कर सकते थे। कारपोरेशन के एमडी रमेश कृष्ण ने पूछने पर बताया कि सरकार ने टेलीफोन बिलों के बारे में जो रिपोर्ट मांगी है, उसे तैयार किया जा रहा है। तथ्य सरकार को भेज दिए जाएंगे।
गुम दस्तावेज मामले में प्रारंभिक जांच शुरू
हरियाणा वेयर हाउसिंग कारपोरेशन से अशोक खेमका के कार्यकाल में गेलवैल्यूम शीट के गोदाम बनाने से संबंधित कुछ दस्तावेज गुम होने के मामले में पंचकूला पुलिस ने अब तक एफआईआर दर्ज नहीं की है।
कारपोरेशन के एक प्रबंधक ने गत 9 मई को पुलिस को शिकायत भेजकर दस्तावेज गुम होने की एफआईआर दर्ज करने को कहा था।
पुलिस ने एफआईआर तो दर्ज नहीं की मगर सोमवार को कारपोरेशन पहुंचकर शिकायतकर्ता के बयान जरूर रिकार्ड किए हैं। पंचकूला के उप पुलिस आयुक्त अश्वनी शेणवी ने कहा कि कारपोरेशन की शिकायत पर उचित कार्रवाई की जाएगी।