हरियाणा में दलितों उत्पीड़न की घटनाओं के बारे में कड़ी टिप्पणी करते हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने प्रदेश के स्थानीय प्रशासन को न सिर्फ लचर करार दिया है, यह कहा है कि प्रशासन की ढिलाई से ऐसे मामलों को तूल मिलता है।
इसके साथ ही आयोग ने हरियाणा सरकार को सुझाव दिया है कि हिसार के दलित उत्पीड़न जैसे संवेदनशील मामलों की रोकथाम के लिए प्रशासनिक स्तर पर कमेटी का गठन किया जाए जो दलित उत्पीड़न की घटनाओं में तुरंत कार्रवाई कर सके।
मामले को गंभीरता से लेते हुए दलित उत्पीड़न की बढ़ रही घटनाओं पर आयोग ने स्पष्ट किया है कि हरियाणा के हालात दिन ब दिन बदतर होते जा रहे हैं।
हिसार के कालावास गांव में दलित युवक की हत्या के मामले में आयोग ने हिसार पुलिस से रिपोर्ट तलब की है। आयोग के नोटिस पर मंगलवार को हिसार पुलिस अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। पुलिस अफसर दिल्ली जाकर आयोग के कार्यालय में यह रिपोर्ट पेश करेंगे।
राजनीति दलों ने की घटनाओं की निंदा
भगाना कांड के पीड़ितों के साथ दिल्ली में हुए व्यवहार की हजकां प्रमुख कुलदीप बिश्नोई ने निंदा की है। हजकां-भाजपा गठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार कुलदीप बिश्नोई ने कहा है कि दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे भगाना कांड पीड़ितों के साथ मुख्यमंत्री हुड्डा ने अच्छा नहीं किया।
हरियाणा लोकहित पार्टी के अध्यक्ष एवं सिरसा के विधायक गोपाल कांडा ने मौजूदा सरकार की कार्यशैली पर सवालिया निशान लगाया है। गोपाल कांडा ने कहा कि जब से मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने हरियाणा की बागडोर संभाली है तभी से हरियाणा में दलित उत्पीड़न की घटनाएं हो रही हैं।